Category: प्रिंट, टीवी, वेब, ब्लाग, सिनेमा, साहित्य... Published Date Written by B4M
मुंबई। अर्नेस्ट एंड यंग इंडिया की एक रपट के अनुसार भारत में मीडिया उद्योग लगातार आगे बढ़ता जा रही है और घरेलू मीडिया व मनोरंजन उद्योग 2015 तक 25 अरब डालर से अधिक का हो जाएगा जो 2010 में 16.3 अरब डालर था। रपट में कहा गया है कि 3जी व 4जी सेवाओं की शुरुआत के बाद बड़ी संख्या में लोग ब्राडबैंड को अपनाएंगे। इसके अनुसार 2015 तक, अनुमानित 18.7 करोड़ ब्राडबैंड ग्राहकों में से 90 प्रतिशत नेट की सुविधा वायरलैस डिवाइस के जरिए लेंगे।
इसमें कहा गया है जनसांख्यिकी में बदलाव जिन उद्योगों को सबसे अधिक फायदा होने वाला है उनमें मीडिया व मनोरंजन उद्योग शामिल है। अर्नेस्ट एंड यंग इंडिया के एक अधिकारी एफ. बलसारा ने कहा, दुनिया की सबसे युवा जनसंख्या में से एक, अनुकूल नियामकीय ढांचा तथा डिजिटलीकरण की ओर बढ़ते कदमों से भारत वैश्विक मीडिया व मनोरंजन कंपनियों के लिए आकषर्क निवेश गंतव्य बन गया है। रपट में कहा गया है कि अमेरिका तथा पश्चिमी यूरोपीय कंपनियों की बढ़ोतरी भी बहुत कुछ भारत तथा अन्य उदीयमान बाजारों से जुड़ गई है।
अर्नेस्ट एंड यंग का भारतीय मीडिया व मनोरंजन उद्योग के प्रति यह विश्वास यहां बढ़ती आय, बढ़ते मध्यम वर्ग व कामकाजी जनंसख्या के मद्देनजर आया है जिससे यहां मनोरंजन आदि के लिए व्यापक मांग देखने को मिल रही है। रपट के अनुसार देश में 600 से अधिक टीवी चैनल, 10 करोड़ पे-चैनल देखने वाले परिवार, 70,000 अखबार हैं। यहां हर साल 1,000 से अधिक फिल्में बनती हैं। रपट में अखबार उद्योग के भी वृद्धि की उम्मीद जताई गई है। साभार : एजेंसी