आज चंद्रशेखर जी के न रहने पर जैसी दुर्गति उनकी हो रही है वो एक ट्रैजेडी लगती है!
शाहनवाज आलम- चंद्रशेखर की 98वीं जयंती पर विशेष : चंद्रशेखर जी जब प्रधानमंत्री बने तब हम 10 साल के थे. यानी चीज़ों को दृश्य के स्तर पर समझने की उम्र में दाख़िल हो ही रहे थे. अगले देढ़ दशक तक हमारी तरह बलिया के बहुत सारे लोगों के चेतन-अवचेतन को प्रभावित-परिभाषित उन्होंने ही किया. उस … Continue reading आज चंद्रशेखर जी के न रहने पर जैसी दुर्गति उनकी हो रही है वो एक ट्रैजेडी लगती है!
Copy and paste this URL into your WordPress site to embed
Copy and paste this code into your site to embed