अवस्थी जी की आत्महत्या की खबर अखबारों में छपी, लेकिन अमर उजाला की खबर और उसकी हेडिंग देखकर मन कचोट उठा!

राजेश अवस्थी जी का इस तरह जाना एक चेतावनी है, उन पत्रकारों के लिए जिनकी उम्र 50-60 के बीच है!