तो, मैं अब चला अपने गांव, सबको राम राम राम….

Yashwant Singh : कल और परसों जिला बस्ती (उत्तर प्रदेश) में रहूंगा. अपने घनिष्ठ मित्र Prasoon Shukla के सम्मान समारोह में. पेड और प्रायोजित पुरस्कारों की भीड़ में जब कोई अपनी ही माटी के लोगों के हाथों अपनी ही जमीन पर सम्मानित किया जाता है तो उसका सुख सबसे अलग और अलहदा होता है. बस्ती के रहने वाले हैं प्रसून शुक्ला. शुरुआती पढ़ाई लिखाई के साथ-साथ लड़ने भिड़ने जूझने और अंतत: जीत जाने की ट्रेनिंग भी इसी धरती ने दी है.