अरविंद कुमार सिंह का रोहित सरदाना से सवाल- सुधीर चौधरी को चिट्ठी लिख कभी पूछा कि जिंदल से सौदेबाजी क्यों करनी चाही थी?

Arvind K Singh : रवीश कुमार की चिट्ठी पर चिट्ठी…. रवीश कुमार की चिट्ठी पर एक पत्रकार साथी रोहित सरदाना ( जीन्यूज) ने कुछ सवाल खड़ा किया है। हालांकि ये दोनों पत्रकार साथी ऐसे नहीं है जिनके साथ मैने काम किया हो या कोई गहरा संबंध हो। लेकिन बात मुद्दे की उठी है तो बिना हस्तक्षेप किए रहा नहीं जा रहा है। रवीश कुमार का जहां तक मैने आकलन किया है, उनसे मेरा दूर का संबध है। फिर भी कभी कभार उनको एकाध सलाह दी तो उसे माना और जवाब भी दिया। इसमें कोई संदेह नहीं कि वे ऐसे तमाम मुद्दों को उठाते हैं जिस पर आम तौर पर मुख्यधारा का टीवी शांत रहता है।

यूपी में इतनी स्वायत्तता के बाद भी ऐसी कमजोर सरकार पहले कभी नहीं दिखी

Arvind K Singh : उत्तर प्रदेश के इतिहास में पंडित गोविंद बल्लभ पंत से लेकर मायावती तक तमाम मुख्यमंत्री रहे। लेकिन अखिलेश यादव को जैसा ऐतिहासिक मौका मिला था वैसा किसी और को नहीं। कुछ महीनों पांचतारा रथ यात्रा में प्रदेश देखा और थाली में उनको राज्य की सत्ता सौंप दी गयी। लेकिन इस सत्ता से वे जो सामाजिक आर्थिक बदलाव करके दुनिया के प्रशासकों में अपना नाम लिखा सकते थे वह नहीं कर पाए।