कार्पोरेट गठजोड़ का हुआ खुलासा : मंत्री से लेकर पत्रकार तक पर एस्सार निसार

एस्सार समूह के आंतरिक पत्राचार से खुलासा हुआ है कि कंपनी ने सत्ताधारियों, रसूखदार लोगों को उपकृत करने करने के लिए क्या-क्या तरीके अपनाए। एक ‘विसल ब्लोअर’ ने इस पत्राचार को सार्वजनिक करने का फैसला किया है और अब ये जानकारियां अदालत में पेश होने वाली हैं। जुटाए गए पत्राचार में ई-मेल, सरकारी अधिकारियों के साथ हुई बैठकों से जुड़े पत्र और मंत्रियों, नौकरशाहों और पत्रकारों को पहुंचाए गए फायदों से जुड़ी जानकारियां हैं। सुप्रीम कोर्ट में दायर होने वाली एक जनहित याचिका में ये बातें रखी गई हैं। सेंटर फार पब्लिक इंट्रेस्ट लिटीगेशन की ओर से यह याचिका दायर की जाएगी। पत्राचार से जानकारी मिली है कि एस्सार अधिकारियों ने दिल्ली के कुछ पत्रकारों के लिए कैब भी मुहैया कराई।

पत्रकारों को चुनावी मौसम में जो कुछ मिले रख लेना चाहिए : गडकरी

मुंबई : केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने पत्रकारों से यह कह कर विवाद छेड़ दिया है कि पत्रकारों को चुनावी मौसम में जो भी (रकम) मिले उन्हें रख लें। गडकरी ने तटीय कोंकण के सावंतवाडी में शनिवार को एक चुनाव रैली में कहा, ‘अगले 10..12 दिनों में पत्रकारों को लक्ष्मी दर्शन होंगे।’ भाजपा नेता ने कहा, ‘चाहे वे संवाददाता हों या संपादक, संवाददाताओं, अखबारों और उनके मालिकों के लिए अलग..अलग पैकेज हैं।’