आरके मार्बल्स व वंडर सीमेंट के यहां छापेमारी की खबर को खा गया राजस्थान पत्रिका अखबार!

राजस्थान का सबसे बड़ा मीडिया समूह होने का दावा करने वाला अखबार राजस्थान पत्रिका प्रदेश की सबसे बड़ी खबर को खा गया. खान विभाग घूस कांड के क्रम में दो कंपनियों पर छापे की न्यूज को राजस्थान पत्रिका ने नहीं छापा. राजस्थान खान विभाग घूस काण्ड के बाद से ही आरके मार्बल्स और सहयोगी कंपनी वंडर सीमेंट जांच के घेरे में हैं. इसी क्रम में आयकर विभाग ने समूह के सियासी रसूख को देखते हुए केंद्रीय रिज़र्व पुलिस के 80 हथियार बंद जवानों के साथ गुप्त तरीके से एक साथ 4 राज्यों के 29 ठिकानों पर छापे मारे. इस छापेमारी के दौरान 7000 करोड़ की सम्पति दस्तावेज और 250 करोड़ नकद बरामद की.

सबसे ज्यादा छापे की कार्यवाही राजस्थान के सात शहरों में हुई. दिलचस्प बात ये कि प्रदेश का सबसे बड़ा मीडिया समूह होने का दावा करने वाला अखबार राजस्थान पत्रिका इस खबर को छिपा गया. हर साल मिलने वाले करोड़ों का विज्ञापन पत्रकारिता पर भारी पड़ गई. इसी तरह इन्द्राणी-शीना के मुद्दे पर 15 दिन लगातार पूरे देश को हिलाने वाले इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से भी ये छापेमारी की खबर गायब है. दैनिक भास्कर ने इस छापे की खबर मुख्य पृष्ठ के साथ ही अंदर के पेजों पर विशेष कवर स्टोरी छापी.

कृपया हमें अनुसरण करें और हमें पसंद करें: