मीडिया ने देश का मुंह काला कर दिया, माफी मांगे : आजम खां

लखनऊ के पत्रकार तो जैसे ढोलक हो गए हों. जब चाहे जो चाहे, बजा दे रहा है. कभी अखिलेश तो कभी आजम. ये जुगलबंदी जमकर मीडिया को फुटबाल की तरह यहां से वहां पीट दौड़ा रही है. आजम खान ने फिर मीडिया पर विष वमन किया है. यूपी सरकार के कैबिनेट मंत्री आजम खां ने लखनऊ में मीडिया को जमकर लताड़ते हुए आरोप लगाया कि मीडिया ने अपनी टीआरपी बढ़ाने के लिए देश की अस्मिता के साथ खिलवाड़ कर देश का मुंह काला कर दिया है, इसके लिए मीडिया देश से माफी मांगे.

अंगरेजी पत्रकारिता के दुराग्रह

हिंदी के वरिष्ठ कवि केदारनाथ सिंह को हाल ही में राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने भारतीय ज्ञानपीठ पुरस्कार प्रदान किया। इसमें शायद ही कोई मतभेद हो कि अपनी आधी शताब्दी पूरी करने की ओर बढ़ने के बावजूद आज भी भारतीय भाषाओं के लेखकों को मिलने वाला यह सबसे प्रतिष्ठित पुरस्कार है। यह भी जगजाहिर है कि साहित्य अकादेमी पुरस्कार पाने के बाद लगभग हर भारतीयभाषी लेखक की खुली-छिपी महत्त्वाकांक्षा यह रहती है कि उसे ज्ञानपीठ पुरस्कार मिले।