नापतोल.कॉम के फर्जी मैनेजर ने वरिष्ठ पत्रकार श्रीकांत अस्थाना की पत्नी को ठगने की कोशिश की

Shrikant Asthana : वेब खरीददारी भी आपको ठगों के जाल में फंसा सकती है। विभिन्न साइटों पर खरीदारी करने में दिया गया फोन नंबर ठगी के रैकेटों के हाथ पड़ जाते हैं और वे आपको फोन करके बताते हैं कि आपका यह इनाम निकला है। इसे हासिल करने के लिए आप अमुक खाते में इतनी रकम जमा करायें तो ईनाम आपको भेजा जाए। ऐसे ही एक ठग ने आज सुबह श्रीमती सुष्मिता को नापतोल.कॉम का मैनेजर बताते हुए किया।

अपना नाम उमेश वर्मा बताने वाले इस व्यक्ति ने 07631994793 से काल करते हुए इनकी एक खरीदारी का जिक्र करते हुए लकी ड्रा में 12,80,000 मूल्य की कार निकलने और उसे पाने के लिए रजिस्ट्रेशन फीस के 6500 रुपये स्टेट बैंक के खाते में जमा कराने की बात कही।

श्रीमती सुष्मिता ने इस फोन के बाद नापतोल.कॉम पर बात की तो पता चला न ऐसा कोई व्यक्ति वहां है न ही कोई ऐसा ड्रा हुआ है। बाद में ठग को फोन कर और जानकारी चाही गई और सवाल किए गये तो वह गाली-गलौज पर उतर आया। इस घटना की जानकारी मेरठ पुलिस के साइबर सेल को दे दी गई है। ठगी के ऐसे प्रयास पर पुलिस कार्रवाई का अब इंतजार है।

मेरठ में रहने वाले और कई अखबारों में संपादक के तौर पर कार्य कर चुके वरिष्ठ पत्रकार श्रीकांत अस्थाना की एफबी वॉल से.

कृपया हमें अनुसरण करें और हमें पसंद करें: