पंकज श्रीवास्तव की प्रेस कांफ्रेंस के लिए केजरीवाल ने जुटा दी मीडिया वालों की भीड़!

अगर फिक्सिंग होती है तो हर कदम पर दिखने लगती है. नाकारापन और अकर्मण्यता के आरोपों में आईबीएन7 से निकाले गए पंकज श्रीवास्तव ने तयशुदा रणनीति के तहत अपने संपादक को एक मैसेज भेजा. उस मैसेज का स्क्रीनशाट लिया. उसे क्रांतिकारी भाषण के साथ फेसबुक पर लगा दिया. ‘आप’ वालों ने फेसबुक और ट्विटर पर पंकज को शहीद बताते हुए उनके मसले को वायरल करना शुरू किया. ‘आप’ नेता आशुतोष, जो कभी आईबीएन7 के मैनेजिंग एडिटर रह चुके हैं, ने पंकज के मसले को जोरशोर से सोशल मीडिया पर उठाया.

पंकज ने आज चार बजे प्रेस क्लब आफ इंडिया में प्रेस कांफ्रेंस करने की घोषणा की. इसके पहले केजरीवाल ने आज दिन में दो बजे प्रेस क्लब आफ इंडिया में प्रेस कांफ्रेंस करने की घोषणा की थी. लेकिन केजरीवाल ने ऐन वक्त, जब मीडिया के लोग प्रेस क्लब में जुट गए थे, अपनी प्रेस कांफ्रेंस रद्द कर दी. इस तरह सारे मीडिया वालों के सामने पंकज श्रीवास्तव नमूदार हुए. आशुतोष भी आ गए. इनने अपनी-अपनी भड़ास निकाली. लंबे लंबे सिद्धांत पेले. देखते जाइए, चुनाव भर शहीद बनते घूमने के बाद पंकज श्रीवास्तव चुनाव बाद आम आदमी पार्टी के साथ सक्रिय हो जाएंगे और 2017 के यूपी विधानसभा इलेक्शन में विधायक का चुनाव लड़ जाएंगे.

इस मामले पर अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकारवादी अविनाश पांडेय समर उर्फ समर अनार्या ने फेसबुक पर कुछ लिखा है, जो इस तरह है….

Samar Anarya : आप नेता आशुतोष आईबीएन7 से पंकज श्रीवास्तव भाई की बर्खास्तगी पर मार लालपीले हो रहे हैं. बाकी इनके अपने मैनेजर काल में 200 (पूरे समूह से 350) लोग निकाले गए थे तब भाई कुछ नहीं बोले थे! इधर वाली जनता अभी मोदिया नहीं हुई है आशुतोष भाई.

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Samar Anarya : पंकज श्रीवास्तव की आईबीएन 7 के एसो.एडिटर पद से बर्खास्तगी दुखद है, पर न जाने क्यों इसी आईबीएन 7 (और नेटवर्क 7 समूह के बाकी चैनलों) से अगस्त 2013 में 320 से ज्यादा पत्रकारों को एक साथ निकाल दिया जाना याद आ गया.(अब) आप नेता आशुतोष के गुस्से भरे ट्वीट देखते हुए उनका इतनी बड़ी छंटनी के बाद सड़क पर आ गये पत्रकारों के बीच ऐम्बीअन्स मॉल में मद्रास कैफ़े का ‘प्रीव्यू’ देखना भी. ये मुट्ठियाँ तब भिंची होतीं तो शायद बात यहाँ तक न पंहुचती. अपने ऊपर न होने तक हमलों पर भी क्रांतिकारिता जागती तो बात यहाँ तक न पंहुचती, शायद. खैर, जब भी शुरू हो, लड़ाई में साथ देना बनता है. पर बहुत कुछ याद रख के. उस दौर के दो स्टेटस लगा रहा हूँ. ताकि सनद रहे वाले अंदाज में-
https://www.facebook.com/samar79/posts/10201740504700560
https://www.facebook.com/samar79/posts/10201728758446911

पूरी कहानी जानने के लिए इस मूल पोस्ट को पढ़ें….

आईबीएन7 में कचरा हटाओ अभियान जारी, अबकी पंकज श्रीवास्तव हुए बर्खास्त

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निजी टीवी चैनल ‘न्यूज चैनल’ की बजाय ‘न्वायज चैनल’ हो गए हैं : प्रसार भारती चेयरमैन

बेंगलूरू। प्रसार भारती के नव नियुक्त चेयरमैन ए. सूर्य प्रकाश ने कहा कि दूरदर्शन एवं आकाशवाणी को स्वायत्तता हासिल करने के लिए अभी लंबा रास्ता तय करना है। “प्रेस से मिलिए” कार्यक्रम में पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा कि प्रसार भारती एक स्वायत्त निगम है और इसके गठन के बाद पीछे हटने का सवाल ही पैदा नहीं होता। सूर्यप्रकाश ने कहा कि प्रसार भारती के 90 फीसदी कर्मचारी केंद्र सरकार के हैं, जबकि शेष विभिन्न मीडिया हाउस से हैं जिन्हें करार पर रखा गया है। जब तक यह स्थिति रहेगी तब तक प्रसार भारती की स्वायत्तता की राह नहीं खुलेगी। इस दिशा में कदम उठाए जाने की जरूरत है मगर यह एक प्रक्रिया है। गुणवत्ता के लिए पेशेवर होना पड़ेगा। यह संभव है और इसे अवश्य करेंगे।

उन्होंने कहा कि पिछले दो तीन वर्षो के दौरान अधिकांश निजी टीवी चैनल “न्यूज चैनल” की बजाय “नॉयज चैनल” हो गए हैं। न्यूज चैनलों पर आजकल न्यूज के नाम पर देखने को कुछ नहीं मिलता। प्राइम टाइम बैंड में भी चैनलों पर “मारामारी” चलते रहती है। यह सिर्फ हिंदी और अंग्रेजी चैनलों की हालत नहीं है बल्कि क्षेत्रीय चैनलों पर भी यही चल रहा है। यह किसी के लिए अच्छा नहीं है और दर्शकों के लिए तो बिल्कुल ही अच्छा नहीं है। यह दूरदर्शन के लिए एक बड़े अवसर की तरह है और सर्वश्रेष्ठ समाचारों की प्रस्तुति के साथ वह विश्वसनीयता एवं लोकप्रिता की ऊंचाई छू सकता है।

नित नई प्रोद्यौगिकी से तालमेल बिठाने के लिए सोशल मीडिया के उपयोग पर बल देते हुए उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में प्रसार भारती की समाचार सेवाएं इन माध्यमों से भी लोगों तक पहुंचेगी। मीडिया संगठनों के लिए यह एक बड़े बाजार की तरह है। देश में 22 करोड़ इंटरनेट कनेक्शन हैं जिसमें से 18 .5 करोड़ मोबाइल इंटरनेट है। अगले पांच वर्षो में इनके 50 से 60 करोड़ तक का आंकड़ा छूने की उम्मीद है। सभी मीडिया संगठनों को इसके लिए तैयार हो जाना चाहिए। प्रसार भारती जल्दी ही तैयार हो जाएगा।

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