जगेन्द्र सिंह हत्याकांड : प्रेस परिषद के खलीफाओं तक ने खूब फायदा उठाया

लाश पर रोटियां कैसे सेंकी जाती हैं, उसका सबसे ज्वलंत प्रमाण है जगेन्द्र सिंह हत्याकांड। छुटभैये पत्रकारों और नेताओं से लेकर प्रेसकौंसिल के खलीफाओं तक ने खूब फायदा उठाया इस प्रकरण का। जिन सरदार शर्मा के खिलाफ अपने जीवित रहते जगेन्द्र सिंह मोर्चा खोले रहे, हर कोई उन्ही से जाके पूछता रहा- जगेन्द्र पत्रकार था, तो कैसे? 

प्रेस परिषद की तीन सदस्यीय टीम शाहजहांपुर में 13 जून को जगेंद्र हत्याकांड की छानबीन करेगी

शाहजहांपुर (उत्तर प्रदेश) : पत्रकार जगेन्द्र सिंह हत्याकांड की जांच के लिए 13 जून को भारतीय प्रेस परिषद की तीन सदस्यीय टीम शाहजहांपुर आएगी। यह टीम मौके पर घटना से संबंधित-असंबंधित सभी पक्षों से घटना के संबंध में पूछताछ, छानबीन करेगी। सर्वोच्चन्यायालय के पूर्व न्यायाधीश एवं प्रेस काउंसिल ऑफ इंडिया के अध्यक्ष सी.के. प्रसाद की ओर से घटनास्थल पर छानबीन के लिए भेजी जा रही इस तीन सदस्यीय टीम में प्रेस परिषद की सदस्य सुमन गुप्ता भी हैं। यह टीम जगेंद्र के परिजनों, आरोपी पक्ष, पुलिस, स्थानीय पत्रकारों के साथ ही जन साधारण से भी घटना पर प्रतिक्रिया लेगी। 

 

सर्वोच्च न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश एवं प्रेस काउंसिल ऑफ इंडिया के अध्यक्ष सी.के. प्रसाद