जब उदय प्रकाश के इस ‘खेल’ को नंदन जी ने कवर पेज पर जाने दिया!

Uday Prakash : आज से लगभग सत्ताईस साल पहले. ‘संडेमेल’ का जब सहायक सम्पादक हुआ करता था और इस फीचर पत्रिका का सम्पादक. तब एक बार रंगीन पेन्सिल से मकबूल फ़िदा हुसैन का ये चित्र इसलिए तुरत बनाया क्योंकि लाइब्रेरी में था नहीं और तब तक गूगल का आगमन नहीं हुआ था. एक छोटा-सा चित्र मिला भी तो उसके रिज़ोल्यूशन ऐसे नहीं थे कि उसे पत्रिका के कवर पर प्रिंट किया जा सकता. स्व. कन्हैयालाल नंदन तब ‘संडेमेल’ के प्रधान सम्पादक थे.