भ्रष्टाचार में लिप्त कोतवाल का ऑडियो हुआ वायरल, आप भी सुनें

उत्तर प्रदेश की योगी सरकार भ्रष्टाचार खत्म करने की कवायद में लगी है लेकिन पुलिस प्रशासन सुधरने का नाम नहीं ले रहा है. ताजा मामला यूपी के बदायूँ जिले से सामने आया है। यहां तो पुलिस वाले ही अवैध कारोबारियों के राइट हैंड बन गए हैं. बदायूं जिले के तेजतर्रार वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक चन्द्रप्रकाश लापरवाही और भ्रष्टाचार के साक्ष्य सामने आने पर पुलिस कर्मियों को दंडित किये बिना छोड़ते नहीं हैं. इसके बावजूद कुछ पुलिस वाले वर्दी को दागदार बनाने का काम कर रहे हैं. कोतवाल साहब सट्टा बंद कराने की जगह रूपये लेकर स्वयं सट्टा करा रहे हैं. कोतवाल और दलाल के बीच हुई बात का चौंकाने वाला ऑडियो सामने आया है.

यूपीकोका में न्यायिक हिरासत अवधि साल भर, पुलिस रिमांड 60 दिन

आतंकवाद विरोधी कानून से भी कठोर है यूपीकोका… हाल में उत्तर प्रदेश की योगी सरकार द्वारा यूपीकोका अर्थात उत्तर प्रदेश संगठित अपराध नियंत्रण विधेयक- 2017 लाया गया है जो कि आतंकवाद विरोधी कानून (विधि विरुद्ध क्रिया-कलाप निवारण अधिनियम-1967) से भी कठोर है. इसमें पुलिस को इस प्रकार की शक्तियां दी गयी हैं जो कि आज तक किसी भी कानून में नहीं दी गयी हैं. योगी सरकार ने इसे बड़ी चालाकी से विधान सभा के पटल पर रखा और अगले दिन ही इसे ध्वनिमत से पारित भी करा दिया.

पुलिस सिर्फ एक धोखा है, इससे विश्वास उठाना ही आपके लिए शुभ होगा!

कार की टक्कर के बाद पत्रकार तड़पता रहा, पुलिस वाला पास भी नहीं आया… दोस्तों, अपने अनुभव के आधार पर पुलिस को लेकर अपनी बात रख रहा हूं। 11 अक्टूबर की रात लगभग 11:30 पर लखनऊ के सेंट फ्रांसिस स्कूल के पास एक तेज रफ़्तार वैगन आर ने पीछे से मेरी बाइक पर जोरदार टक्कर मारी और वो तेजी से निकल गया। अपनों के आशीर्वाद से मेरी जान तो बच गई लेकिन शरीर पर चोट आई थी। लेकिन दिल पर गहरा घाव वो पुलिसकर्मी दे गया, जो दूर से यह सब देखता रहा। लेकिन उसने करीब आकर ये देखने की जहमत तक नहीं उठाई कि इतनी तेज टक्कर होने के बाद घायल बाइक सवार यानि मैं, जिंदा हूं या मर गया। बन्दे ने पास की दूकान से गुटखा ख़रीदा, खाया और निकल गया।

बहुत उदार और उदात्त है यूपी पुलिस, थाने से भाग जाने देती है लफंगों को (देखें वीडियो)

यूपी की बहादुर पुलिस खुद भले चोर बदमाश न पकड़ पाए लेकिन जब कोई दूसरा पकड़ कर पुलिस को सौंपता है तो पुलिस वाले पूरी उदारता बरतते हुए उसे चले जाने देते हैं… शायद इसीलिए कहा जाता है चोर पुलिस मौसेर भाई.. नीचे कमेंट बाक्स में दिए गए एक वीडियो को देखिए…