A+ A A-

  • Published in टीवी

न्यूज़ नेशन चैनल में यूपी इनपुट पर कार्यरत रहे नीरज पटेल हाथ पर पलस्तर चढ़ाए बीते दिनों यूपी के उरई कोतवाली पहुंच गए. वहां उन्होंने कोतवाली उरई के निरीक्षक संजय गुप्ता को बताया कि उनका हाथ प्रिंस कुशवाहा ने तोड़ा है, उसके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की जाए. नीरज पटेल पूरी तैयारी से आए थे. वे अपने साथ मेडिकल रिपोर्ट वगैरह भी लाए थे. पुलिस ने उनसे पूछा कि जब आपका हाथ तोड़ा गया तब आपने खबर नहीं की. एक रोज बाद मेडिकल कराकर वह यहां पहुंच रहे हैं.

सूत्रों के मुताबिक पुलिस को पूरा मामला संदिग्ध लगा. पुलिस ने डॉक्टर को मौके पर बुलवाने के लिए कहा. बताया जाता है कि इसके बाद नीरज पटेल और उसके साथी अनुज कौशिक वहां से निकल लिए. पुलिस का कहना है कि मामला फर्जी था. नीरज पटेल न्यूज़ नेशन चैनल की धौंस दिखाकर कुछ पत्रकारों पर मुकदमा लिखाने की फिराक में था. बाद में कुछ स्थानीय पत्रकारों ने पुलिस को न्यूज़ नेशन हेड आफिस का नंबर दे दिया जहां संपर्क करने पर बताया गया कि नीरज पटेल का चैनल से अब कोई संबंध नहीं है.

इस बारे में बातचीत में कोतवाली उरई के निरीक्षक संजय गुप्ता का कहना है कि चैनल से बात की गई तो बताया गया कि न्यूज नेशन में अब नीरज पटेल नहीं हैं. साथ ही हाथ तोड़े जाने की घटना भी संदिग्ध नजर आई. फिलहाल जांच की जा रही है. रिपोर्ट नहीं लिखी गई है.

उधर, नीरज पटेल का कहना है कि उनके बाइक को टक्कर मारी गई जिसके कारण उनका हाथ टूट गया. नीरज के मुताबिक प्लास्टर अभी भी उनके हाथ पर चढ़ा हुआ है और वह हर हाल में आरोपी के खिलाफ रिपोर्ट लिखाएंगे. न्यूज नेशन चैनल से निकाले जाने के बारे में पूछे जाने पर नीरज पटेल का कहना है कि चैनल ने उनसे इस्तीफा देने के लिए कहा था लेकिन अभी तक उन्होंने रिजाइन नहीं किया है. उन्होंने ये माना कि वे अब आफिस नहीं जा रहे हैं.

इसे भी पढ़ें....

xxx

Leave your comments

Post comment as a guest

0
Your comments are subjected to administrator's moderation.
terms and condition.

People in this conversation

  • Guest - ASHUTOSH DWIVEDI

    नीरज पटेल के घोर ब्राह्मण विरोधी होने के बावजूद नीरज पटेल का न्यूज़ नेशन चैनल में वसूली का नेटवर्क पूरे बुन्देलखण्ड छेत्र में ब्राह्मण रिपोर्टर्स से रहा है
    हालांकि पत्रकारिता में जातिवाद गलत है जाति की अवधारणा से ऊपर उठकर ही पत्रकारिता करनी चाइये लेकिन फिर भी अपने सहयोगी पत्रकारों को वसूली के लिए गाली गलोच धमकी की नीरज के पतन का मुख्य कारण है ।
    नीरज पटेल और अनुज कौशिक दोनों ही जालौन जिले के एक ही तहसील के निवासी है दोनों की वसूली की चरमावस्था का आलम ये है की अनुज द्वारा वसूली की खबरों को न्यूज़ नेशन में प्रमुखता से प्रसारित कराकर मुह मांगी रकम के बन्दरबाट की शिकायतों की जानकारी न्यूज़ नेशन के उच्च अधिकारियो से भी कई बार की गयी
    नीरज पटेल ने अनुज कौशिक को अपना जालौन में प्रतिनिधि बनाकर उसको कई चैनलो का रिपोर्टर बनवाया ताकि वसूली की रकम में इजाफा कराया जा सके लेकिन कहते है पाप का घड़ा एक दिन भर ही जाता है और झूठ का तिलिस्म ज्यादा दिन नहीं चलता जब बात स्थानीय पत्रकारों को धमकाने वाली और उन पर झूठे मुक़दमे लिखवाने के प्रयास की हो गयी तो मामला अचानक बढ़ गया खैर में नीरज को तब से जानता हु जब नीरज जालौन के एक जुआ माफिया की चाटुकारिता करके एक अखबार में अपने करियर की शुरुवात कर रहा था ये दलाली के दाव पेंच , वसूली के हथकंडे विरासत में लेकर आदर्शो की बातो , आदर्शो की इमारत खड़ी करने की दुहाई देने वाला ये शख्स जितना ऊपर दिखता है उतना ही जमीन के अंदर है ।

    from Lucknow, Uttar Pradesh, India

Latest Bhadas