नईदुनिया बिल्डिंग ध्वस्त : एक विरासत का जमींदोज होना!

राजेश ज्वेल- एक जमाना वो था जब नईदुनिया के साथ उसमें छपने वाले पत्र सम्पादक के नाम कॉलम का अपना जलवा था… हम जैसे नौसीखिए 82-83 में जब लिखना शुरू किए तब थोक में पोस्टकार्ड खरीद नईदुनिया सहित देशभर के समाचार-पत्र, पत्रिकाओं में विभिन्न विषय पर पत्र लिख भिजवाते थे और फिर बस स्टैंड, रेलवे … Continue reading नईदुनिया बिल्डिंग ध्वस्त : एक विरासत का जमींदोज होना!