सौरभ द्विवेदी की लल्लनटॉप से विदाई की इनसाइड कहानी!

एक वो दिन भी था जब सौरभ की लेखनी और आवाज से प्रभावित होकर मैनेजमेंट ने उन्हें ‘इंडिया टुडे’ (हिंदी) मैगजीन का संपादक नियुक्त किया। यह एक ऐतिहासिक निर्णय था, क्योंकि इतनी कम उम्र और अनुभव में यह जिम्मेदारी पाना मुश्किल है। आपको याद दिला दूं कि इस पत्रिका के संपादक प्रभु चावला, एमजे अकबर … Continue reading सौरभ द्विवेदी की लल्लनटॉप से विदाई की इनसाइड कहानी!