बाड़मेर : सीमावर्ती बाड़मेर जिले के लघु और बड़े अखबारों या फिर टीवी न्यूज़ के पत्रकारों का काम उनकी पहचान हैं. यहाँ कार्यरत सभी पत्रकार ना केवल पारदर्शी पत्रकारिता में भरोसा रखते हैं बल्कि आम जन के साथ सामाजिक सरोकारों को पूरी निष्ठां के साथ निभाते हैं. यह कहना हैं बाड़मेर की प्रथम महिला जिला कलेक्टर डॉ. वीणा प्रधान का. डॉ. प्रधान बाड़मेर प्रेस क्लब के स्नेह मिलन कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि हिस्सा ले रही थी. डॉ. प्रधान ने कहा कि बाड़मेर के पत्रकारों ने ना केवल सीमावर्ती इलाके में अपनी समझ के साथ बड़े-बड़े मुद्दों को अपनी खबरों के जरिये उजागर किया हैं बल्कि प्रशासन को सटीक कार्रवाई के लिए भी एक रास्ता भी दिखाया हैं.
स्थानीय माधव पैरेडाइज होटल में आयोजित कार्यक्रम में बाड़मेर नगरपालिका अध्यक्षा उषा जैन, बाड़मेर के जिला परिवहन अधिकारी अनिल पंड्या, राजवेस्ट के अधिकारी ब्रिगेडियर वीपी कश्यप और पूर्व कमांडेट मोहन सिंह गहलोत भी मौजूद थे. कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों के स्वागत के साथ हुई. कार्यक्रम में बोलते हुए नगरपालिका अध्यक्षा उषा जैन ने कहा कि चाहे प्रशासन हो या नगरपालिका मीडिया ने हमेशा अपनी सकारात्मक कलम से विकास को नई दिशा प्रदान की हैं तथा आम जन से जुड़े मुद्दों को प्राथमिकता से उठाया हैं, जो मीडिया के सार्थक प्रयास से ही हो पाया हैं. जैन ने कहा कि बाड़मेर के मीडिया में लोगों ने हर मामले में जनचेतना को बढ़ाया हैं और इनसे भविष्य में भी इसी तरह के योगदान की उम्मीद हैं. बाड़मेर के जिला परिवहन अधिकारी अनिल पंड्या ने इस मौके पर मीडिया के सारे प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए कहा कि देश के विकास में मीडिया अपना ख़ास योगदान देती आई हैं और हमे यह भी नहीं भूलना हैं कि पत्रकारिता ने आजादी के समय भी ख़ास योगदान दिया, जिसकी बदौलत हम आज चैन की सांस ले रहे हैं. पंड्या ने कहा कि बाड़मेर के सीमावर्ती इलाके में पत्रकारों की जिम्मेदारी और ज्यादा बढ़ जाती हैं. राजवेस्ट के अधिकारी ब्रिगेडियर वीपी कश्यप ने इस अवसर पर कहा कि बाड़मेर जिस तरह से प्रगति कर रहा है, उसमें पत्रकारों की सकारात्मक पत्रकारिता का बड़ा सहयोग हैं, क्यूंकि पत्रकार समाज का आईना होते हैं और उनकी लेखनी आवाम की जुबान होती हैं.
इस अवसर पर बाड़मेर प्रेस क्लब के दुर्ग सिंह राजपुरोहित ने अपने संबोधन में कहा कि बाड़मेर में पत्रकारिता के क्षेत्र में काम करने वाले लोग ना केवल ज़िम्मेदार हैं बल्कि वो देश के अंतिम छोर तक बैठे लोगों की आवाज़ को दिल्ली की सत्ता पर काबिज़ लोगों के कानों तक पहुंचाते हैं. पत्रकार सुरेश जाटोल ने कार्यक्रम के आयोजन और नए प्रेस क्लब के गठन की जरुरतों पर प्रकाश डाला. उन्होंने कहा कि लघु समाचार पत्रों को साथ जोड़ कर काम करना हमारा परम उद्देश्य हैं ताकि उनके अधिकारों की रक्षा हो सके. कार्यक्रम संयोजक तनेराज सिंह ने क्लब के कार्यों के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि पत्रकारिता सिर्फ अखब़ार में खबरें लिखने तक सीमित नहीं हैं, बल्कि आम जन की समस्याओं के निराकरण के लिए कार्यपालिका को सुझाव देना भी हैं. पत्रकार प्रवीण बोथरा ने संगठन को मजबूत बनाने का आह्वान किया. इस अवसर पर समाजसेवी माधु सिंह राजपुरोहित ने भी अपने विचार रखे. कार्यक्रम में किशन चंद अमलानी, महेंद्र जांगिड, प्रेम परिहार, प्रह्लाद प्रजापत, मदन छाजेड़, गोविन्द सिंह, अमरलाल बारोलिया, ठाकरा राम मेघवाल, राजुचारण, लता बारोलिया, धीरेन फुलवारिया, अशोक राजपुरोहित, सुशीला दहिया, अभिषेक लूनिया, भल्ला राम प्रजापत, नरेश सोनी, देवा राम, पप्पूराम बृजवाल समेत बड़ी संख्या पत्रकार मौजूद रहे.


