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मायावती ने सीएम आवास छोड़ा, यूपी में राजनीतिक सरगर्मी तेज

उत्तर प्रदेश के राजनीतिक माहौल अचानक गरमी आ गई है. मुख्‍यमंत्री मायावती अपना आवास छोड़कर पूर्व सीएम की हैसियत से मिले अपने बंगले में रहने चली गई हैं. इस खबर के बाद सियासी कयासों का दौर शुरू हो गया है. लोग अपने अपने तर्कों के सहारे मुख्‍यमंत्री मायावती के आवास बदलने का आकलन करने लगे हैं. सूत्रों का कहना है कि मायावती सरकार को परेशानी से निकालने तथा विपक्ष को सबक सिखाने के लिए कोई बड़ा दांव चलने की तैयारी कर रही हैं.

उत्तर प्रदेश के राजनीतिक माहौल अचानक गरमी आ गई है. मुख्‍यमंत्री मायावती अपना आवास छोड़कर पूर्व सीएम की हैसियत से मिले अपने बंगले में रहने चली गई हैं. इस खबर के बाद सियासी कयासों का दौर शुरू हो गया है. लोग अपने अपने तर्कों के सहारे मुख्‍यमंत्री मायावती के आवास बदलने का आकलन करने लगे हैं. सूत्रों का कहना है कि मायावती सरकार को परेशानी से निकालने तथा विपक्ष को सबक सिखाने के लिए कोई बड़ा दांव चलने की तैयारी कर रही हैं.
पिछले तीन-चार दिनों से पांच कालीदास मार्ग यानी सीएम आवास में काफी हलचल है. कारण यहां से मुख्‍यमंत्री का 13 माल एवेन्‍यू रहने के चले जाना. 13 माल एवेन्‍यू बंगला मायावती को पूर्व सीएम की हैसियत से मिला हुआ है. मायावती ने कालीदास वाला सीएम आवास छोड़ा नहीं है, वे यहां आने जाने का अपना क्रम जारी रखेंगी, परन्‍तु रहने के लिए वे 13 माल एवेन्‍यू का ही इस्‍तेमाल करेंगी. इसके पहले 2003 में भी मायावती ने ऐसा स्‍थानांतरण करने के बाद 25 अगस्‍त 2003 को अम्‍बेडकर पार्क परिवर्तन रैली के बाद सीएम पद से इस्‍तीफा दे दिया था.

13 मई को पूर्ण बहुमत की सरकार आने के बाद यह पहला मौका है जब सीएम मायावती अपने पूर्व आवास में चली गई हैं. इसे लेकर सियासी समी‍करण गरम होने लगे हैं. विपक्षी दल के लोग भी आकलन करने में जुट गए हैं कि आखिर मायावती ने यह कदम किस वजह से उठाया है. इसके उठाने के पीछे कारण क्‍या हैं. सवाल यह भी खड़ा होने लगा है कि आखिर मायावती के दिमाग में इस समय कौन सी चाल चल रहा है. सियासी हलको में यह भी कहा जाने लगा है कि पांच अगस्‍त से शुरू होने वाले विधानसभा सत्र में कुछ ऐसा कदम उठा सकती हैं, जिसका लोगों को अंदेशा तक ना हो.

बंगला बदलने के साथ यह भी संभावना जताई जाने लगी है कि वो इसी सत्र में विधानसभा भंग करके जल्‍द चुनाव करवाने जैसा कदम भी उठा सकती हैं. प्रदेश कांग्रेस अध्‍यक्ष रीता बहुगुणा जोशी का कहना है कि उन्‍हें अपने तंत्र पर भरोसा नहीं हैं, इसलिए मायावती ने यह कदम उठाया है. वे कब क्‍या करती है, क्‍या सोचती हैं, उन्‍हें खुद ही पता नहीं रहता. कब इस घर में, कब उस घर में, कोई नहीं जानता. वैसे कुछ लोगों का कहना है कि माल एवेन्‍यू का 13 नम्‍बर बंगला मायावती के लिए शुभ रहा है, इसलिए उन्‍होंने अगले साल होने वाले चुनाव को ध्‍यान में रखकर यह कदम उठाया है. इसके पीछे दुबारा बहुमत के साथ सत्‍ता पाने के लिए ज्‍योतिष कारण होने की संभावना भी जताई जा रही है.

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