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संजय कुमार की किताब ‘रेडिया पत्रकारिता’ का पटना में लोकार्पण

पटना । पटना उच्च न्यायालय के न्यायाधीश न्यायमूर्ति सैयद शाह नैयर हुसैन ने आकाशवाणी पटना के समाचार संपादक और लेखक-पत्रकार संजय कुमार की सद्यः प्रकाशित पुस्तक “रेडियो पत्रकारिता” का लोकार्पण करते हुए कहा कि पत्रकारिता के विभिन्न प्रकारों के बारे में तो मालूम था ही लेकिन रेडियो पत्रकारिता के विभिन्न आयामों के बारे में आज इस किताब से जो जानकारी मिली वह काफी महत्वपूर्ण है। कालेज आफ कामर्स, पटना के उर्दू विभाग द्वारा आयोजित मुशायरा सह पुस्तक विमोचन समारोह को सम्बोधित करते हुए न्यायमूर्ति हुसैन ने कहा कि इस पुस्तक का लोकार्पण करते हुए मुझे गर्व महसूस हो रहा है क्योंकि मीडिया के सबसे सशक्त माध्यम रेडियो से संबंधित यह पुस्तक खासकर मीडिया के छात्रों के लिए काफी उपयोगी है।

पटना । पटना उच्च न्यायालय के न्यायाधीश न्यायमूर्ति सैयद शाह नैयर हुसैन ने आकाशवाणी पटना के समाचार संपादक और लेखक-पत्रकार संजय कुमार की सद्यः प्रकाशित पुस्तक “रेडियो पत्रकारिता” का लोकार्पण करते हुए कहा कि पत्रकारिता के विभिन्न प्रकारों के बारे में तो मालूम था ही लेकिन रेडियो पत्रकारिता के विभिन्न आयामों के बारे में आज इस किताब से जो जानकारी मिली वह काफी महत्वपूर्ण है। कालेज आफ कामर्स, पटना के उर्दू विभाग द्वारा आयोजित मुशायरा सह पुस्तक विमोचन समारोह को सम्बोधित करते हुए न्यायमूर्ति हुसैन ने कहा कि इस पुस्तक का लोकार्पण करते हुए मुझे गर्व महसूस हो रहा है क्योंकि मीडिया के सबसे सशक्त माध्यम रेडियो से संबंधित यह पुस्तक खासकर मीडिया के छात्रों के लिए काफी उपयोगी है।

नालंदा खुला विश्‍वविद्यालय के प्रति कुलपति प्रो. डा. कौशलेन्द्र कुमार, कालेज आफ कामर्स के प्राचार्य प्रो. डा. शैलेन्द्र कुमार सिंह, उर्दू विभागाध्यक्ष डा. तारिक फातमी, पटना विश्वविद्यालय के प्रो. डा. एजाज अली अरशद, बिहार विश्वविद्यालय, मुजफ्फरपुर के उर्दू विभागाध्यक्ष प्रो. डा.तौकीर आलम और उर्दू के वरिष्ठ पत्रकार डा. रेहान गनी ने लोकार्पित पुस्तक पर प्रकाश डालते हुए कहा कि जहां पत्रकारिता के छात्रों के लिए यह पुस्तक उपयोगी है वहीं आम पाठकों के लिए यह रेडियो पत्रकारिता के विविध आयामों की जानकारी देते हुए उनके बीच उत्सुकता पैदा करती है। पुस्तक के लोकार्पण के बाद मुशायरा का आयोजन किया गया। इसमें सुल्तान अख्तर, डा.एजाज अली अरशद, नसर बल्खी, शकील सहसरामी, जियाउर रहमान जिया, असर फरीदी, प्रेम किरण, चोंच ग्यावी सहित एक दर्जन से अधिक चर्चित शायरों और कवियों ने अपनी शायरी से श्रोताओं को मंत्र मुग्ध कर दिया। इस अवसर पर कई चर्चित साहित्यकार, लेखक व पत्रकार और गणमान्य लोग मौजूद थे।

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