डीजल, केरोसिन और रसोई गैस की कीमतें बढ़ाए जाने के खिलाफ भाजपा सहित विपक्षी दलों का देशव्यापी धरना-प्रदर्शन शुरू हो गया है। विपक्षी दल सरकार से बढ़े दाम वापस लेने की मांग कर रहे हैं। दिल्ली में प्रदर्शन कर रहे भाजपा के सैकड़ों कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर लिया गया है। देश अन्य भागों से भी भाजपा तथा अन्य विपक्षी पार्टियों के कार्यकर्ताओं द्वारा मूल्य वृद्धि के विरोध में प्रदर्शन जारी है। राजनीतिक कार्यकर्ताओं ने कई स्थानों पर पीएम तथा यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी का पुतला फूंक रहे हैं।
दिल्ली में जंतर मंतर पर धरना प्रदर्शन के लिए पहुंचे भाजपा नेताओं ने सड़कों पर लगे बैरीकोड तोड़कर संसद भवन की ओर जाने लगे तो पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार नेताओं में दिल्ली विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष वीके मल्होत्रा, जगदीश मुखी, रमेश बिधूड़ी, आरपी सिंह, प्रवेश वर्मा, नकुल भारद्वाज, हरीश खुराना सहित कई लोग शामिल हैं। पुलिस ने उग्र भाजपा कार्यकर्ताओं को पानी की बौछार से रोकने का प्रयास किया लेकिन कार्यकर्ताओं ने पानी के टैंकरों पर ही कब्जा कर लिया। जिसके बाद पुलिस को भाजपा कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर लिया। करीब 500 बीजेपी कार्यकर्ताओं को पुलिस ने गिरफ्तार किया है।
यूपी में भी जगह-जगह पेट्रो पदार्थों की मूल्य वृद्धि के विरोध में प्रदर्शन चल रहा है। इलाहाबाद में भाजपा और सपा के कार्यकर्ता विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। सपा कार्यकर्ताओं ने बढ़ती महंगाई के विरोध में आनंद भवन पर पीएम मनमोहन सिंह और कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी का पुतला फूंका। वाराणसी और कानपुर समेत यूपी के अन्य जिलों में भी भाजपा और सपा के विरोध प्रदर्शन की खबर है। गौरतलब है कि सरकार ने महंगाई की मार झेल रही जनता को एक और झटका देते हुए डीजल, रसोई गैस और पीडीएस वाले केरोसिन के दाम बढ़ा दिए हैं। डीजल का दाम 3 रुपए प्रति लीटर, रसोई गैस 50 रुपए प्रति सिलेंडर और कैरोसिन तेल के दाम में 2 रुपए प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई है।
केंद्र सरकार में शामिल तृणमूल कांग्रेस ने सरकार द्वारा डीजल, रसोई गैस और केरोसिन तेल के दाम बढ़ाने को गलत ठहराया है। टीएमसी ने इसे उचित कदम नहीं बताया है। पार्टी का कहना है कि महंगाई से जूझ रही जनता पर इससे और अधिक बोझ बढ़ जाएगा। तमिलनाडू की मुख्यमंत्री जे जयललिता ने भी डीजल, केरोसिन और रसोई गैस के दाम में बढ़ोतरी का विरोध करते हुए बढ़ी कीमतें तुरंत वापस लेने की मांग की है। वामपंथी दलों ने भी आज मूल्य वृद्धि की निंदा किया है।


