जबलपुर। गृहमंत्री बाबूलाल गौर ने पत्रकार प्रोटेक्शन एक्ट पर कहा कि हमारे लिए हर नागरिक समान है। हम सभी की सुरक्षा के लिए सजग हैं। पत्रकार भी सामान्य नागरिक हैं। उनके लिए अलग से कानून बनाने की जरूरत नहीं है। वे यहां पुलिस कंट्रोल रूम में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में बोल रहे थे। अक्सर अपनी बयानबाजी के लिए सुर्खियों में रहने वालेे प्रदेश के गृहमंत्री बाबूलाल गौर ने एक बार फिर पत्रकारों के सवालों के जवाब में कहा कि पत्रकारों की सुरक्षा के लिए कोई अलग से कानून या नीति नहीं बनाई जाएगी। पत्रकार आम आदमी से हटकर नहीं हैं।
गौर ने ये जवाब हाल ही में हुई पत्रकार की मौत और अक्सर पत्रकारों पर होने वाले हमलों को लेकर मीडियाकर्मी द्वारा पूछे गए प्रश्न के बदले दिया। गौर ने कहा कि डॉ. डीके साकल्ले की मौत की फिर से जांच की जाएगी। उन्होंने कहा, ये जांच डीन की हत्या के आरोपों के मद्देनजर होगी, जिसके जरिए मामले की हकीकत को सामने लाने का प्रयास किया जाएगा। वहीं व्यापमं में आरोपी गोयल को वीआईपी इलाज मिलने पर गृहमंत्री बोले, बीमार जाते हैं अस्पताल, इसकी जांच खुद ही करें।
इस मौके पर गौर ने कहा कि 15 अगस्त से डायल 100 योजना चालू हो जाएगी। इसके बाद शहरी क्षेत्र में 5 मिनट में पुलिस फरियादी तक पहुंच जाएगी। इस योजना पर 632.94 करोड़ रुपये खर्च होंगे। देश में इस तरह की यह पहली योजना है। योजना में 1200 पुलिसकर्मियों को विशेष ट्रेनिंग दी जा रही है। श्री गौर के अनुसार यह डायल 100 सिस्टम राज्य स्तरीय केंद्रीयकृत होगा। मसलन हर जिले के वाहन राजधानी स्थित हेडक्वाटर से जुड़े रहेंगे। जिसकी मॉनीटरिंग निरंतर की जाएगी। किसी घटना दुर्घटना होने पर शहरी क्षेत्र में पुलिस 5 मिनट व ग्रामीण क्षेत्रों में 30 मिनट में पहुंच जाएगी।
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