रायबरेली : जिले के बेसिक शिक्षा अधिकारी पर पूर्व माध्यमिक विद्यालय की महिला शिक्षिका ने गंभीर आरोप लगाये हैं। महिला शिक्षिका ने बताया कि उनकी अनुचित व अवैध मांग पूरी न करने के कारण बीएसए साहब ने हत्या व नौकरी न करने देने की धमकी दी है। बीएसए साहब मुझे बरबाद करने के लिए विभाग का एक लाख रुपया बरबाद कर चुके हैं। पूर्व माध्यमिक विद्यालय बेंद, राही की सहायक अध्यापिका अलका तिवारी ने जिलाधिकारी को पत्र भेजकर अपनी व्यथा सुनायी। पत्र में बताया कि बीएसए से सूचना के अधिकार के तहत मांगी गयी जानकारियां भी उसे नहीं दी जा रही हैं। यह भी नहीं बताया जा रहा है कि किस नियम कानून या काउंसलिंग के तहत उनकी पोस्टिंग पूर्व माध्यमिक विद्यालय पूरे दुबे की गयी।
अलका तिवारी ने बताया कि बीएसए द्वारा सूचना न देने के कारण राज्य सूचना आयोग में अपील नियत है, लेकिन वह अपने पद का दुरुपयोग करते हुये मेरे खिलाफ कार्रवाई करने पर अमादा हैं। कहा कि अगर मेरे खिलाफ जांच हुयी तो कोई कमी नहीं मिलेगी, लेकिन बीएसए निष्पक्ष कार्य न कर
अपनी अवैध मांगें पूरी न होने के कारण बरबाद कर देना चाहते हैं। सहायक अध्यापिका ने आरोप लगाया है कि बीएसए उनसे शारीरिक संबंध बनाने की मांग की, उनकी यह अनुचित मांग न माने जाने पर ही वो मुझे परेशान और प्रताडि़त कर रहे हैं। सहायक अध्यापिका ने मांग की कि बीएसए को भेजे गए पत्र की प्रति, जांच आख्याओं की प्रति, सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत मांगी गयी सूचनायें अविलम्ब उपलब्ध करायी जाएं ताकि वह सम्यक जवाद दे सकें। साथ ही बेसिक शिक्षाधिकारी के कृत्यों की जांच कराकर दंडित कराया जाये, जिससे अन्य महिलाएं शोषण के शिकार से बच सकें। जिलाधिकारी अमृता सोनी ने स्वतंत्र एजेंसी से जाँच कराकर कार्यवाही करने कि बात कही है।


