Connect with us

Hi, what are you looking for?

Local News Community

दुख-सुख

मूर्तिपूजा-अंधविश्वास के खिलाफ जो बोलेगा, मारा जाएगा… दभोलकर, पानसरे के बाद अब कुलबर्गी बने शिकार

: हम्पी यूनिवर्सिटी के पूर्व वीसी एमएम कलबुर्गी की धारवाड़ में गोली मारकर हत्या :  मूर्तिपूजा और अंधविश्वास के खिलाफ जीवन भर लड़ते रहने वाले प्रख्यात चिंतक और हम्पी विश्विद्यालय के पूर्व कुलपति की गोली मार के हत्या। हिंदुत्व आतंकियों पर संदेह। हमारे समाज में जो भी जाहिलियत पर जबान खोलता है उसकी हत्या हो जाती है। नरेंद्र दभोलकर, गोविंद पानसरे और अब एमएम कुलबर्गी। सारे न्यायप्रिय लोग मारे जाएंगे। सारे जाहिलों को अभयदान मिलेगा। पता है ऐसा क्यों है? क्योंकि हम आप ऐसे हैं। क्योंकि हम आप किसी लेखक की हत्या पर गुस्सा नहीं होते। हम संतुष्ट सूअर की तरह अपनी अपनी खोल में पड़े रहते हैं। हमने हमेशा आततायियों की जय—जयकार की है। हम संतुष्ट हैं और हत्यारों के हौसले बुलंद हैं। वे जानते हैं कि उनको कोई खतरा नहीं है।

: हम्पी यूनिवर्सिटी के पूर्व वीसी एमएम कलबुर्गी की धारवाड़ में गोली मारकर हत्या :  मूर्तिपूजा और अंधविश्वास के खिलाफ जीवन भर लड़ते रहने वाले प्रख्यात चिंतक और हम्पी विश्विद्यालय के पूर्व कुलपति की गोली मार के हत्या। हिंदुत्व आतंकियों पर संदेह। हमारे समाज में जो भी जाहिलियत पर जबान खोलता है उसकी हत्या हो जाती है। नरेंद्र दभोलकर, गोविंद पानसरे और अब एमएम कुलबर्गी। सारे न्यायप्रिय लोग मारे जाएंगे। सारे जाहिलों को अभयदान मिलेगा। पता है ऐसा क्यों है? क्योंकि हम आप ऐसे हैं। क्योंकि हम आप किसी लेखक की हत्या पर गुस्सा नहीं होते। हम संतुष्ट सूअर की तरह अपनी अपनी खोल में पड़े रहते हैं। हमने हमेशा आततायियों की जय—जयकार की है। हम संतुष्ट हैं और हत्यारों के हौसले बुलंद हैं। वे जानते हैं कि उनको कोई खतरा नहीं है।

कर्नाटक में हम्पी यूनिवर्सिटी के पूर्व वाइस चांसलर एमएम कलबुर्गी की रविवार सुबह कल्याणनगर स्थित उनके आवास पर कुछ अज्ञात बंदूकधारियों ने गोली मारकर हत्या कर दी। धारवाड़ के पुलिस  कमिश्नर रवींद्र प्रसाद ने कहा, डॉ कलबुर्गी की सुबह 8:40 बजे धारवाड़ के कल्याणनगर में गोली मारकर हत्या कर दी गई। प्रसाद ने बताया कि 77 साल के कलबुर्गी ने जैसे ही घर का दरवाजा खोला,  हमलावरों ने उनके सिर में गोली दाग मार दी।कलबुर्गी को पास के एक अस्पताल ले जाया गया, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। वह एक प्रसिद्ध विद्वान और शोधकर्ता थे, जो धार्मिक, सामाजिक और अन्य मुद्दों पर अपनी टिप्पणियों के लिए कई बार विवादों में घिर चुके थे। उन्हें केंद्रीय और राज्य साहित्य अकादमी पुरस्कार भी प्राप्त हो चुका था।

इनपुर समर और कृष्णकांत

CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs

You May Also Like

ये दुनिया

रामकृष्ण परमहंस को मरने के पहले गले का कैंसर हो गया। तो बड़ा कष्ट था। और बड़ा कष्ट था भोजन करने में, पानी भी...

सोशल मीडिया

यहां लड़की पैदा होने पर बजती है थाली. गर्भ में मारे जाते हैं लड़के. राजस्थान के पश्चिमी सीमावर्ती क्षेत्र में बाड़मेर के समदड़ी क्षेत्र...

दुख-सुख

: बस में अश्लीलता के लाइव टेलीकास्ट को एन्जॉय कर रहे यात्रियों को यूं नसीहत दी उस पीड़ित लड़की ने : Sanjna Gupta :...

ये दुनिया

बुद्ध ने कहा है, कि न कोई परमात्मा है, न कोई आकाश में बैठा हुआ नियंता है। तो साधक क्या करें? तो बुद्ध ने...