नई दिल्ली: आयकर विभाग ने रिफंड की कार्यवाही महीनों के बजाय दिनों में पूरी करने की तैयारी कर ली है। विभाग अब महज 7 से 10 दिन की अवधि में ही प्रक्रिया पूरी कर रिफंड करदाताओं के खाते में भेज देगा। सूत्रों के अनुसार विभाग के एक शीर्ष अधिकारी ने कहा है कि आयकर विभाग की तकनीकी एडवांस होने और रिटर्न को आधार से जोड़ने के कारण ऐसा संभव हो सका है।
आयकर रिटर्न (आईटीआर) का सत्यापन ‘आधार‘ या अन्य बैंक डेटाबेस से करने के विभाग के कदम को आईटीआर फाइल करने वालों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है। इस से कर अधिकारी आकलन वर्ष 2015-16 के लिए रिफंड प्रोसेस कर उसे बैंक खातों में 15 दिन से कम समय में भेजने में सफल रहे हैं। आयकर विभाग के ताजा आंकड़ों के अनुसार 7 सितंबर 2015 तक विभाग को इलेक्ट्रॉनिक रूप से भरे गए 2.06 करोड़ रिटर्न प्राप्त हुए। यह पिछले साल ऑनलाइन भरे गए 1.63 करोड़ रिटर्न के मुकाबले 26.12 प्रतिशत अधिक है। आईटीआर भरने की आख़िरी तारीख 7 सितंबर थी।


