Connect with us

Hi, what are you looking for?

Local News Community

Uncategorized

चारुलता की नृत्‍यनाटिका से हुआ शब्‍द राग रंग का आगाज

जवाहर कला केन्‍द्र के मुक्‍ताकाशी रंगमंच पर चारुलता नृत्‍यनाटिका के मंचन के साथ तीन दिवसीय शब्‍द राग रंग के रवीन्‍द्र रचना महोत्‍सव का आगाज हुआ। पीएमटी संस्‍था की ओर से गुरुदेव रवीन्‍द्रनाथ टैगोर की डेढ़ सौंवी जयंती के वर्ष के उपलक्ष्‍य में यह सांझ सजी। इसमें टैगोर की नष्‍ट नीड पर आधारित चारुलता बैले का प्रदर्शन हुआ। रेखा ठाकर की कोरियोग्राफी और डा. मधु भट्ट तैलंग के संगीत से सजे इस प्रदर्शन में नायिका चारुलता के जरिए मन के विवध रंग दर्शाए गए। स्‍त्री नदिया की तरह निर्मल है तो अग्नि की तरह क्रोधमान भी।

जवाहर कला केन्‍द्र के मुक्‍ताकाशी रंगमंच पर चारुलता नृत्‍यनाटिका के मंचन के साथ तीन दिवसीय शब्‍द राग रंग के रवीन्‍द्र रचना महोत्‍सव का आगाज हुआ। पीएमटी संस्‍था की ओर से गुरुदेव रवीन्‍द्रनाथ टैगोर की डेढ़ सौंवी जयंती के वर्ष के उपलक्ष्‍य में यह सांझ सजी। इसमें टैगोर की नष्‍ट नीड पर आधारित चारुलता बैले का प्रदर्शन हुआ। रेखा ठाकर की कोरियोग्राफी और डा. मधु भट्ट तैलंग के संगीत से सजे इस प्रदर्शन में नायिका चारुलता के जरिए मन के विवध रंग दर्शाए गए। स्‍त्री नदिया की तरह निर्मल है तो अग्नि की तरह क्रोधमान भी।

आयोजक अशोक राही ने बताया कि मंगलवार को महोत्‍सव के तहत दोपहर में जेकेके के कृष्‍णायन में टैगोर की कविताओं का पाठ होगा। शाम को रंगायन सभागार में रवीन्‍द्र संगीत सुना जा सकेगा। इस समारोह में स्‍थानीय व देशभर से आए सौ से अधिक कलाकार, साहित्‍यकार भाग ले रहे हैं। बुधवार को समारोह का समापन टैगोर के नाटकों के मंचन के साथ होगा। राजस्‍थान साहित्‍य अकादमी के अध्‍यक्ष वेद व्‍यास ने उदघाटन समारोह में टैगोर के जीवन से जुडी बातें बताई। कार्यक्रम में मंच संचालन अमित शर्मा ने किया।

CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs

You May Also Like

ये दुनिया

रामकृष्ण परमहंस को मरने के पहले गले का कैंसर हो गया। तो बड़ा कष्ट था। और बड़ा कष्ट था भोजन करने में, पानी भी...

सोशल मीडिया

यहां लड़की पैदा होने पर बजती है थाली. गर्भ में मारे जाते हैं लड़के. राजस्थान के पश्चिमी सीमावर्ती क्षेत्र में बाड़मेर के समदड़ी क्षेत्र...

दुख-सुख

: बस में अश्लीलता के लाइव टेलीकास्ट को एन्जॉय कर रहे यात्रियों को यूं नसीहत दी उस पीड़ित लड़की ने : Sanjna Gupta :...

ये दुनिया

बुद्ध ने कहा है, कि न कोई परमात्मा है, न कोई आकाश में बैठा हुआ नियंता है। तो साधक क्या करें? तो बुद्ध ने...