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चेतन भगत ने टीओआई के अपने लेख में ‘भक्तों’ को ‘यौन कुंठित’ कहा

अपने चर्चित उपन्यासों के साथ-साथ सोशल मीडिया में बयानबाजी को लेकर विवादों में रहने वाले अंग्रेजी के मशहूर लेखक चेतन भगत एक बार फिर चर्चा में हैं। सोशल मीडिया पर सक्रिय दक्षिणपंथी लोगों, जिन्हें आजकल ‘भक्त’ नाम दिया जाता है, को ‘सेक्सुअली कुंठित’ बताते हुए चेतन भगत ने एक नया ब्लॉग लिखा है। टाइम्स ऑफ इंडिया में लिखे इस लेख में चेतन भगत ने खुलेतौर पर कहा है कि ये लोग जो बेहद खराब अंग्रेजी बोलते हैं और खुद को मोदी के वफादार होने का दावा करते हैं, असल में कुंठित और हीन भावना से ग्रस्त लोग हैं।

अपने चर्चित उपन्यासों के साथ-साथ सोशल मीडिया में बयानबाजी को लेकर विवादों में रहने वाले अंग्रेजी के मशहूर लेखक चेतन भगत एक बार फिर चर्चा में हैं। सोशल मीडिया पर सक्रिय दक्षिणपंथी लोगों, जिन्हें आजकल ‘भक्त’ नाम दिया जाता है, को ‘सेक्सुअली कुंठित’ बताते हुए चेतन भगत ने एक नया ब्लॉग लिखा है। टाइम्स ऑफ इंडिया में लिखे इस लेख में चेतन भगत ने खुलेतौर पर कहा है कि ये लोग जो बेहद खराब अंग्रेजी बोलते हैं और खुद को मोदी के वफादार होने का दावा करते हैं, असल में कुंठित और हीन भावना से ग्रस्त लोग हैं।

उन्होंने लिखा है कि ये लोग प्रधानमंत्री मोदी की स्वच्छ भारत अभियान जैसी जनहितकारी नीतियों से तो कोसों दूर हैं लेकिन जब उनके नेता चुप रहते हैं तो उनका बचाव करने के लिए हमेशा आगे आ जाते हैं। ये लोग प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उग्र रक्षक हैं। अपने लंबे-चौड़े लेख में चेतन भगत ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शुरू किए गए अभियान ‘सेल्फी विद डॉटर’ के दौरान ट्विटर पर दो महिलाओं को बहुत ज्यादा निशाना बनाए जाने का भी जिक्र किया है।

उन्होंने लिखा है कि ये लोग महिलाओं का सम्मान तक नहीं करना जानते और ना ही ये हिंदुओं के बहुत बड़े समर्थक हैं, लेकिन खुद के राष्ट्रवादी होने का दावा खूब जोर-शोर से करते हैं। चेतन ने आगे कहा, ‘इन लोगों को महिलाओं से बात करने का भी तरीका नहीं आता और ना ही इन लोगों को ये मालूम है कि महिलाओं के साथ कैसे व्यवहार किया जाता है। ये लोग महिलाओं की इच्छा तो रखते हैं लेकिन कुछ भी करके उन्हें पा नहीं सकते। अगर कोई मुझसे पूछे तो मैं इन लोगों को सेक्सुअल तौर पर कुंठित इंसान कहूंगा।’

चेतन ने कहा है कि हिंदी बोलने वाले ये लोग हिंदू और भारतीय होने पर बहुत ज्यादा गर्व करते हैं। असलियत में ये लोग नहीं जानते कि हिंदी बोलने वाले हिंदू भारत में सबसे ज्यादा गरीब लोगों में शामिल हैं। चेतन ने लिखा है कि ये लोग यह भी जानते हैं कि भारत बुनियादी सुविधाओं के मामले में दुनिया में तीसरे नंबर का देश है। भारत के पास विज्ञान, खेल, रक्षा और रचनात्मकता के मामले में महज चंद उपलब्धियां हैं। चेतन भगत के इस लेख के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर उनकी आलोचना भी शुरू हो गई है।

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