: एनआरएचएम घोटाले के बाद अब एनआरएचएम संविदाकर्मी नियमितीकरण घोटाला : खुलासा करने वाले पत्रकार को जान से मारने की धमकी : पूर्वी उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले की ये दास्तान है। इसी जिले से खुलासा हुआ है कि पूरे प्रदेश में एनआरएचएम घोटाले की तर्ज पर एक और एनआरएचएम घोटाला फल-फूल रहा है। यह है एनआरएचएम नियमितीकरण घोटाला। एक महीने की तनख्वाह रखने के बाद एनआरएचएम के संविदाकर्मियों को नियमित किया जा रहा है। प्रदेश स्तर पर इस घोटाले का साइज खरबों रुपये का बैठेगा।
गाजीपुर जिले के सीएमओ ऑफिस में तैनात बिलिंग बाबू राजेश यादव ने एक महिला एनआरएचएम कर्मी से बातचीत में इस घोटाले का सूत्र सामने कर दिया है। उसने एनआरएचएम के महिलाकर्मी से एक महीने की तनख्वाह की मांग की। उसने यह भी कहा कि सभी लोगों को ऐसा करना पड़ेगा, तभी कांट्रैक्ट रिन्यू होगा। इस एनआरएचएम नियमतीकरण घोटाले का खुलासा करने वाले पत्रकार अनंत टाइम्स के गाजीपुर ब्यूरो इंचार्ज सुजीत कुमार सिंह उर्फ प्रिंस को जान से मारने की धमकी दी गई है।
मामला यह है कि एनआरएचएम के अंतर्गत संविदाकर्मियों में शामिल डॉक्टर, फार्मासिस्ट और एनम के अनुबंध के नवीनीकरण के लिये सीएमओ आफिस गाजीपुर के बिलिंग बाबू राजेश यादव संविदाकर्मियों से उनका एक महीने का वेतन मांग रहा है। ब्यूरो इंचार्ज सुजीत कुमार सिंह प्रिंस के इस मामले में दखल देने पर राजेश यादव ने उन्हें जान से मारने की धमकी दी है। यह धमकी किसी विजय कुमार नाम के आदमी द्वारा दिलाई गई है जो कि बिलिंग बाबू राजेश यादव का ही आदमी है। संविदाकर्मियों के नये अनुबंध का आदेश 8 मार्च 2013 को आ गया था जिसके लिये बिलिंग बाबू राजेश यादव ने हर संविदाकर्मियों से उनके पूरे एक महीने के वेतन की मांग कर डाली।
अनुबंध होने के बाद जब राजेश यादव द्वारा अनुबंधियों से रुपये की मांग की गई तो इसके विरोध में संविदाकर्मियों ने सीएमओ ऑफिस में प्रदर्शन किया जिसमें एक संविदाकर्मी पर तोड़फोड़ का आरोप लगाकर एफआइआर दाखिल की गई। गाजीपुर में ऐसे कुल संविदाकर्मियों की संख्या है जिनके एक महीने का वेतन करीब करोड़ों रुपये में होता है जिसकी मांग आरोपी बाबू राजेश यादव ने संविदाकर्मियों से की थी।
सीएमओ आफिस गाजीपुर के बिलिंग बाबू राजेश यादव की एनआरएचएम में संविदा पर कार्यरत एक महिला कर्मी से बातचीत में एक महीने का वेतन मांगने की कॉल रिकॉर्डिंग यहां है… नीचे दिए गए एमपी3 को प्ले करें और सुनें…
इस संदर्भ में जब गाजीपुर के सीएमओ से बात करने की कोशिश की गई तो उन्होंने खुद को मीटिंग में होने की जानकारी देकर फिलहाल कुछ भी बोलने से इनकार कर दिया। वहीं, राजेश यादव ने एक महीने की तनख्वाह लेकर कांट्रैक्ट को रिन्यू करने के आरोपों को नकारा है। ब्यूरो इंचार्ज सुजीत कुमार सिंह प्रिंस का आरोप है कि मामले को दबाने के लिये राजेश बाबू ने उन्हें किसी विजय कुमार नामक व्यक्ति से जान से मरवाने की धमकी दी है। धमकी देने वाला नंबर 9451780705 है जिससे 3 बजे सुजीत कुमार सिंह प्रिंस को उनके मोबाइल नं 9451677071 पर धमकाया गया।





