उत्तर प्रदेश के चंदौली में एक अधेड़ पुलिस अफसर ने नाबालिग लड़की से मंदिर में शादी रचा लिया. सूचना पर पुलिस पहुंची. पुलिस दूल्हा दुल्हन सहित उनके परिजनों को भी थाने ले आयी. अधेड़ पुलिस अफसर चंदौली के बलुआ थाना क्षेत्र का रहने वाला है और छत्तीसगढ के बिलासपुर में डिप्टी एसपी के पद पर कार्यरत है. दूल्हे की उम्र पचास साल के करीब है. दुल्हन महज तेरह साल की है.
दूल्हे राजा चंदौली के बलुआ के रहने वाले हैं और छत्तीसगढ में पुलिस विभाग में डिप्टी एसपी के पद पर तैनात हैं. इनकी पहली पत्नी की मौत बहुत पहले हो गयी थी. जनाब ने दूसरी शादी अपने गांव के बगल के गांव में तय की.
नियत समय पर दूल्हे राजा दुल्हन और उसके परिजनो के साथ मंदिर में पहुंचे. शादी की रस्म शुरू हुई. फेरे भी हो गये. तभी पुलिस को खबर लग गयी. पुलिस के मौके पर पहुंचते ही दूल्हा डिप्टी एसपी साहब गले में पड़ी वरमाला और टोपी फेंक कर भागने लगे. मंदिर के बाहर मीडिया वालों ने जब डिप्टी एसपी को रोका तो वह गर्मी लगने का बहाना बनाने लगे. दूल्हे ने खुद को बेगुनाह बताया. लड़की को बालिग करार दिया.


बाद में लोकल पुलिस ने जब गहराई से छानबीन की तो पता चला कि लड़की दसवीं पास है और नाबालिग है. दुल्हन के पिता का कहना है कि उसने अपनी गरीबी से तंग आकर अपनी बेटी की शादी अधेड़ पुलिस अफसर के साथ तय की. पुलिस ने आरोपी पुलिस अधिकारी, लड़की के पिता, शादी करने वाले पंडित… तीनों के खिलाफ बाल विवाह अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया है. आरोपी को गिरफ्तार कर पुलिस आगे की कार्यवाही में जुट गयी है. इस मामले में उत्तर प्रदेश पुलिस ने छत्तीसगढ़ पुलिस से भी सम्पर्क साधा है.
चंदौली से संतोष जायसवाल की रिपोर्ट.





