महोदय, देश के एक राष्ट्रीय अख़बार ने वो किया जिससे उसे शर्म आनी चाहिए। मेरा 5 साल का भतीजा जब उसे देख कर प्रभावित हो सकता तो देश का कोई भी नौजवान टशन में इस रास्ते जा सकता है। दिल्ली के नेशनल दुनिया में 13 अप्रैल 2013 को अभिनेता प्राण का बड़ा पिक्चर सिगरेट पीते दिखाया गया। यहाँ कोई चेतावनी नहीं दी गई। आज फिल्मों और टीवी सीरियल्स तक में ऐसा नहीं दिखाया जाता है, अगर दिखाया जाता भी तो उससे ब्लर कर दिया जाता है।
आखिर पिक्चर का चुनाव करते हुए संपादकीय के लोगों द्वारा यह क्यों नहीं सोचा गया कि ऐसा नहीं होना चाहिए। ऐसा पिक्चर नहीं लगाया जाना चाहिए। इससे समाज में गलत संदेश जाएगा। मेरा तो मानना है कि ऐसे अख़बार का रजिस्ट्रेशन तुरंत रद्द कर देना चाहिए ताकि कोई और ऐसी हरकत ना कर सके।

एक पाठक द्वारा भेजे गए पत्र पर आधारित.






