यशवंत जी, आपने पूछा है कि साधना न्यूज चैनल में कथित तौर पर ब्लैक मेलिंग, आईडी बेचने की घटना और स्ट्रिंगरों के साथ अन्याय तथा पैसे उगाहने के लिए दबाव आदि-आदि घटनाएं मेरे संपादक रहते कैसे हो रही हैं? आपका यह सवाल उचित है। मैंने जब पिछले नवंबर माह में कार्यभार संभाला था तब मुझे इन बातों की जानकारी नहीं थी। चैयरमेन दिनेश गुप्ता ने साफ शब्दों में मुझे आश्वासन दिया था कि वे शुद्ध पत्रकारिता के माध्यम से एक स्वतंत्र न्यूज चैनल चाहते हैं। मैंने उनके शब्दों पर विश्वास भी किया। बाद में आपके पोर्टल और अन्य सूत्रों से साधना न्यूज चैनल के संबंध में कतिपय असहज जानकारियां मुझे मिलने लगीं। स्वाभाविक रूप से मैं विचलित हो उठा।
मेरे संपादक रहते संस्थान में कथित रूप से आपत्तिजनक गतिविधियां जारी रहें- यह मुझे कतई स्वीकार्य नहीं है। आपने पूछा है तो मैं बता दूं कि मैंने अपने स्तर पर सभी आरोपों की स्वतंत्र जांच शुरु कर दी है। आपसे अनुरोध है कि आपके पास उपलब्ध प्रमाण मुझे भेजें। अन्य पीड़ितों से भी आग्रह है कि अपनी शिकायतें मेरे पास भेजें। मैं यह वादा करता हूं कि सभी के साथ न्याय किया जाएगा और दोषी या दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।ब्लैक मेलरों की जगह साधना न्यूज चैनल में नहीं बल्कि जेल की सलाखों के पीछे होगी। साधना न्यूज के मंच का उपयोग कोई अवांछनीय तत्व कदापि नहीं कर पाएगा। चैनल के चेयरमेन दिनेश गुप्ता की भी यही सोच है। आप आश्वस्त रहें। मैंने अपनी पूरी जिंदगी हमेशा न्याय का साथ दिया है। पेशे की पवित्रता, मूल्य और ईमानदारी के पक्ष में कुर्बानियां देता रहा हूं। जरूरत पड़ी तो साधना न्यूज के माध्यम से ही सही मैं विरादरी में प्रविष्ट रोगों को दूर करने के लिए बड़ी कुर्बानी देने से भी नहीं हिचकूंगा।
एसएन विनोद
ग्रुप एडिटर
साधना न्यूज चैनल





