नई दिल्ली : दिल्ली में 5 साल की बच्ची से हुए रेप के मामले में पुलिस कमिश्नर नीरज कुमार ने इस्तीफा देने से साफ इनकार कर दिया है। जब एक पत्रकार ने उन पर इस्तीफा देने का सवाल दागा तो उलटे नीरज कुमार बिफर पड़े। उन्होंने काउंटर अटैक करते हुए कहा कि यदि आपका रिपोर्टर कोई गलती करता है तो उस पर आपका सब एडिटर या संपादक इस्तीफा देता है?
कुछ नेताओं और दलों द्वारा उनके इस्तीफे की मांग पर कुमार ने कहा कि इससे मामला नहीं सुलझेगा। उन्होंने सवालिया लहजे में यह भी कहा कि भले ही वह हजार बार इस्तीफा दे देंगे, लेकिन क्या ऐसा करने से इस तरह के अपराध रुक जाएंगे। उन्होंने कहा कि दूसरों की गलती के लिए मैं इस्तीफा क्यों दूं।
उन्होंने जानकारी दी कि इस मामले में गांधी नगर थाने के कुछ स्टाफ को सस्पेंड कर दिया गया है। इसके अलावा उन्होंने बताया कि इस मामले में पीड़ित लड़की के पिता को पैसे देकर मामला रफा दफा करने की कोशिश करने वाले पुलिस के जवानों को अभी पहचाना नहीं गया है। इस दिशा में काम किया जा रहा है। जल्द ही यह काम कर लिया जाएगा और उसके बाद उन लोगों पर कार्रवाई की जाएगी। एसीपी अहलावत के एक प्रदर्शनकारी को थप्पड़ मारने के मामले में उन्होंने बताया कि विभागीय जांच बैठा दी गई है और इस बारे में आग और कार्रवाई की जाएगी।
नीरज कुमार का कहना था कि मेरे इस्तीफे देने से देश में हो रहे बलात्कार नहीं रूकेगें क्योंकि 97 फीसदी बलात्कार तो घरों में हो रहे हैं। हालांकि दिल्ली पुलिस कमिश्नर ने माना कि 19 अप्रैल को जिस 5 साल की बच्ची से बलात्कार हुआ है, उस दिन गांधीनगर थाने की लापरवाही और गलती दोनों हुई है लेकिन इस गलती के लिए पुलिस का मुखिया होने के नाते मैं जिम्मेदार नहीं हूं। (एजेंसियां)





