अरुप घोष की कंपनी एनएनआईएस न्यूज एजेंसी सिर्फ जूनियर स्तर के पत्रकारों के साथ ही वादाखिलाफी और धोखाधड़ी जैसे कारनामे नहीं किए हैं बल्कि उसने सीनियर जर्नलिस्टों के भी लाखों रुपये हड़पे हैं. कर्नाटक के सीनियर खेल पत्रकार खालिद कर्नाटकी के साथ भी इस न्यूज एजेंसी के कर्ताधर्ताओं ने धोखाधड़ी और वादाखिलाफी की. कई बार निवेदन के बाद आखिरकार खालिद कर्नाटकी ने इस पूरे मामले की शिकायत बंगलुरू पुलिस से की है.
खालिद ने पुलिस में एनएनआईएस तथा इसके कर्ताधर्ताओं के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज कराई है. बताया जा रहा है कि कंपनी ने खालिद को प्रतिमाह 40 खबरें भेजने की स्थिति में 25000 रुपये प्रतिमाह देने का लिखित समझौता किया था, परन्तु कंपनी ने उन्हें आधे अधूर पैसे दिए. इसके बाद एनएनआईएस ने इंग्लैंड में आयोजित हुए भारत-इंग्लैंड सीरिज कवर करने की जिम्मेदारी सौंपी. इसके लिए भी इन लोगों ने समझौता किया, लेकिन एनएनआईएस प्रबंधन ने खालिद को पूरे पैसे नहीं दिए.
सूत्रों का कहना है कि कई बार खालिद कर्नाटकी ने प्रबधंन से अपने बकाए रकम की मांग की, परन्तु बार बार इनको टाला गया. जब खालिद ने लगातार अपने पैसे मांगने शुरू किए तो इनके खिलाफ साजिश रची जाने लगी. पत्रकारों को फर्जी मामलों में फंसाने के लिए कुख्यात रहे तत्कालीन एसएसपी प्रवीण कुमार से भी फर्जी तरीके से खालिद के खिलाफ लिखित शिकायत भी की गई. मतलब एनएनआईएस प्रबंधन ने खालिद को पैसे ना देने के लिए हर एक हथकंडा अपना डाला.
प्रबंधन के रवैये से पूरी तरह आजिज आ चुके खालिद ने फिर एनएनआईएस की धोखाधड़ी के खिलाफ मोर्चा खोल डाला. इन्होंने अपने साथ हुई नाइंसाफी की शिकायत तमाम जगहों पर करते हुए, पुलिस में मामला भी दर्ज कराया. खबर है कि नोएडा का साइबर सेल भी इस मामले में जांच कर रहा है. इसके अलावा कई अन्य रिपोर्टर भी एनएनआईएस के खिलाफ आंदोलन करने की तैयारी कर रहे हैं. नीचे खालिद कर्नाटकी द्वारा पुलिस अधिकारियों समेत तमाम जगहों पर भेजी गई शिकायत….







खालिद कर्नाटकी द्वारा दी गई शिकायत





