मथुरा। अपराधियों, पुलिस, तथाकथित नेताओं के साथ-साथ अब मीडिया में पत्रकारिता के हथियार का इस्तेमाल कर अवैध धन वसूली करने के मामले भी आये दिन उजागर हो रहे हैं। अभी कुछ दिन पूर्व गोवर्धन सेक्स रैकेट में पकड़े गये पत्रकार का मामला ठण्डा भी नहीं हुआ था कि राशन कालाबाजारी के नाम पर विक्रेता से धन वसूली करने के प्रयास में दो कथित पत्रकारों की पिटाई सामने आ गई है। इन कथित पत्रकारों को पकड़कर गोवर्धन पुलिस के हवाले कर दिया गया है। समाचार लिखे जाने तक पुलिस जांच पड़ताल में जुटी हुई थी।
प्राप्त विवरण के अनुसार कस्बा गोवर्धन में रविवार को राशन विक्रेता ट्रैक्टर ट्राली में राशन को कालाबाजारी के लिये ले जा रहा था। बताया जाता है कि इसकी जानकारी किसी नजदीकी व्यक्ति ने बरसाना के एक कथित पत्रकार को दी तो वह अपने एक अन्य साथी को लेकर बाइक पर गोवर्धन आ गये और ट्रैक्टर ट्राली का पीछा कर कैमरे में कैद कर लिया। इसकी जानकारी राशन विक्रेता को होने पर उसने अपने अन्य लोगों को बुला लिया। और कथित पत्रकारों पर धन वसूली का आरोप लगाते हुऐ उनकी जमकर पिटाई कर दी।
इसकी जानकारी पुलिस को मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पत्रकारों को थाने ले आयी। देर रात तक पुलिस जांच पड़ताल में जुटी हुई थी। बताया जाता है कि राशन विक्रेता रवि उर्फ बबलू भारद्वाज पूर्व में सेक्स रैकेट में पत्रकार के साथ जेल जा चुका है। इससे पूर्व रिफाइनरी थाना क्षेत्र में भी काला तेल एवं खनन माफियाओं से अवैध धन वसूल करने गये कुछ पत्रकारों की पिटाई कर ग्रामीणों ने पुलिस को सौंपा था। जिनके माफी मांगने पर छोड़ा था। इसी तरह के कई मामले शहर से लेकर देहात में यूपी बोर्ड परीक्षा के दौरान कई विद्यालयों पर दिखाई दिये थे। जबकि आये दिन कथित पत्रकारों को पुलिस चौकी थाना तहसील एवं सरकारी कार्यालयों में दलाल के रूप में कभी भी देखा जा सकता है।





