Connect with us

Hi, what are you looking for?

No. 1 Indian Media News PortalNo. 1 Indian Media News Portal
Local News Community

प्रिंट-टीवी...

फेसबुक और संपादक सीआई चुम्‍बर के विरुद्ध मुकदमा दर्ज

मेरे द्वारा थाना गोमतीनगर, लखनऊ में फेसबुक नामक सोशल नेटवोर्किंग साईट पर फेसबुक इंक. एवं जालंधर निवासी सीआई चुम्बर नामक एक व्यक्ति, जो खुद को एक पंजाबी दैनिक के प्रधान संपादक कहते हैं, के विरुद्ध उनके आपराधिक कृत्य के सम्बन्ध में फेसबुक कंपनी तथा अन्य के विरुद्ध एफआईआर संख्या 862/2011 अंतर्गत धारा 153, 153 A(1), 153-B, 290, 504, 505,506 आईपीसी तथा धारा 66 A इन्फोर्मेशन टेक्नोलोजी एक्ट 2000 मुक़दमा दर्ज कराया गया है. आलोक सिंह, क्षेत्राधिकारी, गोमतीनगर, लखनऊ इसकी विवेचना कर रहे हैं.

मेरे द्वारा थाना गोमतीनगर, लखनऊ में फेसबुक नामक सोशल नेटवोर्किंग साईट पर फेसबुक इंक. एवं जालंधर निवासी सीआई चुम्बर नामक एक व्यक्ति, जो खुद को एक पंजाबी दैनिक के प्रधान संपादक कहते हैं, के विरुद्ध उनके आपराधिक कृत्य के सम्बन्ध में फेसबुक कंपनी तथा अन्य के विरुद्ध एफआईआर संख्या 862/2011 अंतर्गत धारा 153, 153 A(1), 153-B, 290, 504, 505,506 आईपीसी तथा धारा 66 A इन्फोर्मेशन टेक्नोलोजी एक्ट 2000 मुक़दमा दर्ज कराया गया है. आलोक सिंह, क्षेत्राधिकारी, गोमतीनगर, लखनऊ इसकी विवेचना कर रहे हैं.

मेरे द्वारा प्रस्तुत प्रथम सूचना रिपोर्ट में यह कहा गया है कि फेसबुक सोशल नेटवोर्किंग साईट इन्टरनेट के माध्यम से हमारे देश में भी सारे कंप्यूटरों पर प्रदर्शित होता है. इसके सदस्यों में एक सी आई चुम्बर भी हैं, जो पूर्व में तहसील वेलफेयर अफसर रह चुके हैं. वे लगातार फेसबुक पर और इन्टरनेट पट ऐसी बातें लिख रहे हैं जो सीधे-सीधे उद्वेग और आक्रोश फैलाने वाले हैं. वे लगातार यह कह रहे हैं कि हिंदुओं के धार्मिक ग्रन्थ भागवत गीता को सार्वजनिक रूप से पूरे देश में जलाया जाए. ऐसा वे विशेषकर हाल में रूस में भागवद गीता के विषय में उठे विवाद से और अधिक प्रोत्साहित हो कर कर रहे हैं और रूस की घटना को आधार बना कर यहाँ भी इस पवित्र ग्रंथ को जलाने के लिए लोगों को उकसा रहे हैं. उनका कहना है कि गीता के अध्याय नौ में सभी महिलाओं को “पाप योनी” से उतपन्न बताया गया है जबकि भारत का संविधान महिलाओं और पुरुषों को सामान अधिकार देता है, अतः भागवत गीता को जलाया जाये.

इसके अलावा वे भगवान श्री कृष्ण और भगवान ब्रह्मा के लिए खुले अपशब्दों का प्रयोग कर रहे हैं. इस तरह वे और उनके मित्रगण द्वारा कई गंदे और भद्दे शब्दों और गालियों का खुलेआम प्रयोग किया गया है. इन गालियों के जरिये भागवत गीता, हिंदू देवी-देवताओं, हिंदू धर्म की प्रतिष्ठा तो धूमिल की ही गयी है, साथ ही इनके द्वारा समाज में विद्वेष बढ़ाने, लोगों को गलत ढंग से उकसाने, लोगों को विचार-समूहों और अन्य आधारों पर बांटने का प्रयास भी किया गया है. इन व्यक्तियों के अतिरिक्त फेसबुक इंक, मुख्यालय पालो अल्टो, कैलिफोर्निया, यूएसए भी इस प्रकार प्रदान किये जा रहे सेवा के माध्यम से किये जा रहे इस आपराधिक कृत्य के प्रति जानबूझ कर आँखें मूंदे रखने और इस आपराधिक कृत्य के बारे में जानकारी हो जाने के बाद भी उसके प्रति आवश्यक कदम नहीं उठाने के लिए आपराधिक तौर पर जिम्मेदार बताते हुए मुज्लिम बनाया गया है.

ज्ञातव्य हो कि इसके पहले भी फेसबुक पर मेरे पति अमिताभ ठाकुर द्वारा एक ग्रुप “आई हेट गाँधी” के सम्बन्ध में थाना गोमतीनगर, लखनऊ और एक धार्मिक उन्माद फ़ैलाने वाले ग्रुप के सम्बन्ध में मेरे द्वारा थाना सिविल लाइन्स, मेरठ में मुक़दमे पंजीकृत हुए थे लेकिन अब तक उस मामले में भी कोई अपेक्षित कार्यवाही नहीं हुई है. उपरोक्त तथ्यों के आधार पर मेरे द्वारा धारा 153 (जान बूझ कर जब परिद्वेश से अथवा स्वैरिता से प्रकोपित कोई कार्य, यदि इसके कारण किसी प्रकार का दंगा नहीं हुआ हो), 153 A (विभिन्न समूहों में धर्म, मूलवंश, जाति, जन्म स्थान, समुदाय या कसी भी अन्य कारण से नफरत और शत्रुता पैदा करना), 153-B (राष्ट्र की अखंडता तथा राष्ट्रीय एकता को नुकसान करने हेतु  गलत ढंग से प्रभावित करने वाले वक्तव्य देना या कृत्य करना), 290 (लोक न्यूसेंस के लिए दंड जब अन्य कोई स्थिति नहीं दी गयी हो), 504 (जानबूझ कर किया गया अपमान जिससे लोक शांति भंग होन संभावित हो , 505 (1), 505 (2) (लोक रिष्टिकरक वक्तव्य) ,506 (आपराधिक अभित्रास) आईपीसी तथा धारा 66 A इन्फोर्मेशन टेक्नोलोजी एक्ट, 2000 के अंतर्गत एफआईआर पंजीकृत कराया गया है..

डॉ. नूतन ठाकुर

सचिव, आईआरडीएस

                        नीचे एफआईआर की कॉपी –

सेवा में,
थाना प्रभारी,
थाना गोमतीनगर,
जनपद लखनऊ 

विषय- फेसबुक नामक सोशल नेटवोर्किंग साईट पर श्री सी आई चुम्बर (C.l. Chumber) नामक एक व्यक्ति द्वारा सम्मानित धार्मिक ग्रन्थ भागवत गीता को जलाए जाने एवं हिंदू धर्म के घोर अपमान सम्बंधित लिखी जा रही बातों के सम्बन्ध में प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज करने हेतु

महोदय,

कृपया अनुरोध है फेसबुक नामक एक सोशल नेटवोर्किंग साईट है जो फेसबुक, इंक० नामक एक अमेरिकन कंपनी द्वारा संचालित है. इस कंपनी का मुख्यालय पालो अल्टो, कैलिफोर्निया, यूएसए है. यह सोशल नेटवोर्किंग साईट इन्टरनेट के माध्यम से हमारे देश में भी सारे कंप्यूटरों पर प्रदर्शित होता है. इस सोशल नेटवोर्किंग साईट पर लोग अपनी इच्छा से सदस्य बनते हैं और उसके बाद वे इसमें कई प्रकार से अपनी सहभागिता कर सकते हैं, जहाँ वे सम्मिलित हो कर अपने-अपने विचार रखते हैं और इस तरह से आपस में संवाद स्थापित करते हैं.

इस फेसबुक के तमाम मेंबर में श्री सी आई चुम्बर (C.l. Chumber) भी एक मेंबर हैं. फेसबुक पर प्राप्त जानकारी के अनुसार वे Editor in chief हैं और जालंधर शहर (पंजाब) में रहते हैं. वे एक दैनिक पंजाबी अखबार के संपादक हैं और पूर्व में तहसील वेलफेयर अफसर रह चुके हैं. वे अपने फेसबुक कथनों के माध्यम से लगातार ऐसी बातें कह रहे हैं जो सीधे-सीधे समाज में गहरा उद्वेग और आक्रोश फ़ैलाने वाला है. अन्य तमाम बातों के आलावा में कई बार यह कह चुके हैं कि हिंदुओं को परम समानित भागवत गीता ग्रन्थ सार्वजनिक रूप से जला दिया जाए. वे ऐसा विशेषकर हाल में रूस में भागवद गीता के विषय में उठे विवाद से और अधिक प्रोर्साहित हो कर कर रहे हैं और रूस की घटना को आधार बना कर यहाँ भी इस पवित्र ग्रंथ को जलाने के लिए लोगों को उकसा रहे हैं. इसके अलावा उन्होंने हिंदुओं के मान्य और अंत्यंत आदरणीय भगवान श्री कृष्ण के लिए खुले अपशब्दों का प्रयोग कर रहे हैं. इसके अलावा भगवान ब्रह्मा के लिए भी सार्वजनिक तौर पर घृणित शब्दों का प्रयोग कर रहे हैं. 

मैं इनके द्वारा व्यक्त कुछ बहुत ही गंभीर और आपराधिक दुर्भावना से प्रयुक्त शब्दों को प्रस्तुत कर रही हूँ- 

एक- FOLLOWERS OF RAPISTS, RACISTS AND FASCISTS GODS MUST BE PUT BEHIND BARS AND THEIRS WORSHIPING PLACES MUST BE DEMOLISHED BY THE GOVT. (यहाँ वे हिंदू धर्म के अनुयायियों को बलात्कारी, रेसिस्ट और फासीवादी बताते हैं)

दो- THE WORSHIPERS , DEFENDERS AND GLORIFYIERS OF RAPIST , RACIST AND FASCIST EVIL GODS CLAIM TO BE PARLIAMENTARIANS !!!!! YOUR FOREFATHERS WERE THE FOLLOWERS OF RAPIST , RACIST AND FASCIST EVIL GODS AND NOW YOU ARE RUNNING ON THEIRS FOOT-PRINTS !!!!! MY COMMING GENERATIONS WILL ALSO FIGHT AGAINST YOUR COMMING GERATIOS FOLOWERS OF RAPIST , RACIST AND FASCIST EVIL GODS UNTIL OUR INDIA IS LIBERATED FROM RAPIST , RACIST AND FASCIST EVIL GODS`FOLLOWERS !!!!! ((यहाँ वे एक बार पुनः हिंदू धर्म के अनुयायियों को बलात्कारी, रेसिस्ट और फासीवादी बताते हैं)

तीन- BRAHMINS RAPED KSHATRIYA WOMEN 21 GENERATIONS !!
The rapist ( Pl read Padam Puran.movie TULSI-VIVAH,and distt,Jalandar gazetee r of Pb.govt.)Vishnu `s incarnation Hindu- bhagwan Parshuram ( Brahmin by birth ) killed his mother Renuka as his father rishi Jamdagni ordered him .He neither requested his father for his mother`s life nor he knew the fault .He may refuse to murder his sweet mother. Such were the cruel and senseless the Hindu-bhagwan and his father towards theirs mother and wife respectively .Can our fathers dictate us to do like this ? Can we obey our fathers like Parshuram ? Then Hindu-bhagwan (brahmin ) ordered the brahmin young men to made pregnent all kshatriya widows on the earth. Then he ordered to finish the all new born male babies. The kshatriya girls were raped .Theirs male children were finished . (यहाँ वे भगवान परशुराम का सन्दर्भ ले कर उनकी घृणित तरीके से आलोचना करते हैं)

चार- Go to hell the rapist , racist and fascist the Hindu Gods Brahma and Vishanu , their evil incarnations and the follower who made our lives a hell . (यहाँ वे भगवान ब्रह्मा और विष्णु को बलात्कारी बताते हैं) 

पांच- Gita ' s chapter 9 declare her , her mother , her sister ( s ) and her daughter (s) of a ' pap yoni ' origion ladies but the Indian constitution gives h er equal status like the men . We must burn the Gita to save our women ' s dignity after all they are our mothers , sisters , daughters , daughters-in-law and grand daughters . (यहाँ वे भागवद गीता के नवम अध्याय के बत्तीसवें श्लोक को गलत प्रकार से विश्लेषित करते हुए समस्त भारतीय महिलाओं को पापयोनी से उत्पन्न बताते हैं और भागवत गीता को जलाए जाने की बात करते हैं)

इस प्रकार हम देखते हैं कि इसमें कई गंदे और भद्दे शब्दों और गालियों का खुलेआम प्रयोग किया गया है. ये हिंदी और अंग्रेजी भाषा की अत्यंत गन्दी और अशोभनीय गालियाँ तमाम हिंदू देवी-देवताओं के लिए प्रयुक्त की गयी हैं. इन गालियों, गंदे शब्दों और लेखनी के जरिये तमाम हिंदू देवी-देवताओं के प्रति हमारी आस्था के साथ सीधे-सीधे खिलवाड़ किया गया है, उनकी छवि अत्यंत गंदे रूप में प्रस्तुत की ही गयी है, साथ ही इनके द्वारा समाज में विद्वेष बढाने, लोगों को गलत ढंग से उकसाने, लोगों को विचार-समूहों और अन्य आधारों पर बांटने का प्रयास भी किया गया है. जिस प्रकार से श्री चुम्बर और उनके कई साथियों ने हमारे परम सम्मानित हिंदू देवी-देवताओं, हिंदू धर्म, स्वयं भागवत गीता के लिए अपशब्द प्रयुक्त किये हैं और उन पर द्वेषपूर्ण ढंग से कदाशयता के साथ आपस में गंभीर आरोप लगाया गया है उसका एकमात्र उद्देश समाज और देश में घृणा के भाव जागृत करना, आपस में भेदभाव बढ़ाना, नफरत पैदा करना, लोगों को धर्म और धार्मिक पुरुषों के नाम पर आपस में लड़ाना-भिड़ाना और ऐसे ही गंदे और आपराधिक दुष्परिणाम पैदा करना है. इसके साथ ही इस प्रकार के भडकाऊ, भेद-भाव पैदा करने वाले शब्दों के कई अन्य गंभीर परिणाम हैं जो सीधे तौर पर लोक शांति और लोक व्यवस्था के लिए घातक हैं और यह कार्य धर्म के माध्यम से घृणा और नफरत के भाव जागृत करने वाला, आपस में लड़ाने-भिड़ाने वाला ही है, ना कि किसी प्रकार के उद्देश्यपूर्ण और सत्यपरक तथ्यों का निरूपण करने वाला. 

इससे पूर्व भी फेसबुक पर लगातार इस तरह के अत्यंत खतरनाक, घृणास्पद तथा नफरत फ़ैलाने वाले ग्रुप बनाए जाते रहे हैं अथवा ऐसी बातें कही जाती रही हैं. दुर्भाग्यवश इन पर कोई कार्यवाही नहीं की गयी और ना ही फेसबुक इन्क० इस ओर तनिक भी सचेत होती दिखती है. मेरे विधिक जानकारी के अनुसार ये कार्य और गतिविधियां निम्न अपराधों के अंतर्गत भी सीधे-सीधे आते हैं आते हैं- “जानबूझ कर सामाजिक विद्वेष पैदा करना, नफरत और शत्रुता के भाव पैदा करना, राष्ट्र की अखंडता तथा राष्ट्रीय एकता को नुकसान करने हेतु  गलत ढंग से प्रभावित करने वाले वक्तव्य देना, लोक न्यूसेंस, जानबूझ कर किया गया अपमान जिससे लोक शांति भंग होने संभावित हो , लोक रिष्टिकारक वक्तव्य तथा आपराधिक अभित्रास”. इसके अलावा चूँकि ये वक्तव्य इन्फोर्मेशन टेक्नोलोजी का प्रयोग करके किये गए हैं, अतः ये कृत्य 2008 में संशोधित वर्ष 2000 के 66 A इन्फोर्मेशन टेक्नोलोजी एक्ट के तहत भी आते हैं. इन व्यक्तियों के अतिरिक्त फेसबुक, इन्क० कंपनी अपने द्वारा प्रस्तुत और प्रदान किये जा रहे सेवा के माध्यम से किये जा रहे इस आपराधिक कृत्य के प्रति जानबूझ कर आँखें मूंदे रखने या इस अपराध को कारित करने के अवसर प्रदान करने और इस आपराधिक कृत्य के बारे में जानकारी हो जाने के बाद भी उसके प्रति आवश्यक कदम नहीं उठाने के लिए आपराधिक तौर पर जिम्मेदार हैं.

उपरोक्त के आधार पर मुझे यह प्रतीत होता है कि ये सारे कृत्य धारा 153 (जान बूझ कर जब परिद्वेश से अथवा स्वैरिता से प्रकोपित कोई कार्य, यदि इसके कारण किसी प्रकार का दंगा नहीं हुआ हो), 153 A- (विभिन्न समूहों में धर्म, मूलवंश, जाति, जन्म स्थान, समुदाय या कसी भी अन्य कारण से नफरत और शत्रुता पैदा करना), 153-B (राष्ट्र की अखंडता तथा राष्ट्रीय एकता को नुकसान करने हेतु  गलत ढंग से प्रभावित करने वाले वक्तव्य देना या कृत्य करना), 290 (लोक न्यूसेंस के लिए दंड जब अन्य कोई स्थिति नहीं दी गयी हो), 504 (जानबूझ कर किया गया अपमान जिससे लोक शांति भंग होन संभावित हो , 505 (लोक रिष्टिकरक वक्तव्य) ,506 (आपराधिक अभित्रास) आईपीसी तथा धारा 66 A इन्फोर्मेशन टेक्नोलोजी एक्ट, 2000 के अंतर्गत अपराध है. अतः मैं आपसे अनुरोध करती हूँ कि दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 154 में निहित प्रावधानों के अंतर्गत इस मामले में संज्ञेय अपराध बनने की दशा में उपयुक्त तथा विधिसम्मत धाराओं तथा अन्य उपयुक्त धाराओं के अंतर्गत नियमानुसार आपराधिक मुक़दमा पंजीकृत कर विवेचना करने की कृपा करें. 

पत्र संख्या- IRDS/FBCIC/11/01

दिनांक- 24/12/2011         

भवदीय

(डॉ नूतन ठाकुर)

5/426, विराम खंड

गोमती नगर , लखनऊ  

94155-34525

CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

… अपनी भड़ास [email protected] पर मेल करें … भड़ास को चंदा देकर इसके संचालन में मदद करने के लिए यहां पढ़ें-  Donate Bhadasमोबाइल पर भड़ासी खबरें पाने के लिए प्ले स्टोर से Telegram एप्प इंस्टाल करने के बाद यहां क्लिक करें : https://t.me/BhadasMedia 

Advertisement

You May Also Like

विविध

Arvind Kumar Singh : सुल्ताना डाकू…बीती सदी के शुरूआती सालों का देश का सबसे खतरनाक डाकू, जिससे अंग्रेजी सरकार हिल गयी थी…

विविध

: काशी की नामचीन डाक्टर की दिल दहला देने वाली शैतानी करतूत : पिछले दिनों 17 जून की शाम टीवी चैनल IBN7 पर सिटिजन...

विविध

पहली बार चुनाव हमने 1967 में देखा था. तेरह साल की उम्र में. और अब पहली बार ऐसा चुनाव देख रहे हैं, जो इससे...

विविध

राजस्थान, कांग्रेस और सेक्स. ये तीन शब्द लगता है आपस में अच्छे से घुल मिल गए हैं. भंवरी कांड में ये तीनों शब्द जुड़े...