मजीठिया वेज बोर्ड का साइन करने के बाद लग रहा है दैनिक जागरण के पत्रकार बदहवास हो गए हैं. आंय-बांय-सांय कुछ भी छाप दे रहे हैं. काशी हिंदू विश्वविद्यालय के संस्थापक महामना मदन मोहन मालवीय की एक सौ पचासवीं जयंती पर राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ ने मेरठ में एक कार्यक्रम आयोजित की थी. इस कार्यक्रम में वरिष्ठ पत्रकार राम बहादुर राय को भी बुलाया गया था.
राम बहादुर राय ने अपनी शैली में महामना के जीवन पर प्रकाश डाला तथा कई बातों की विस्तार से चर्चा की. दैनिक जागरण, मेरठ ने यह खबर सिंगल कॉलम में छापी है. खबर तो सही है पर हेडिंग ऐसा दे दिया है कि अर्थ का अनर्थ हो गया है. यह खबर अगर वरिष्ठ पत्रकार राम बहादुर राय भी देखेंगे तो अपना माथा पीट लेंगे. हालांकि जागरण वालों ने उन्हें महामना के समकक्ष बता दिया है तो उनके पास खुश होने का भी कारण है. पर असली तथ्य यह है कि जिस तरह की हेडिंग दी गई है, खबर में वैसा कुछ भी नहीं है. आप भी देखिए जागरण के पत्रकारों की बदहवासी शैली.

गौरव शर्मा
मेरठ





