Sneha Chauhan : तो आखिरकार मुझे आज सुबह १२ घंटे के बाद फेसबुक ने आज़ाद कर ही दिया. भास्कर डाट कॉम के पोर्नकारों ने कल मुझे ब्लॉक करवा दिया था. ये लोग कितनी नीचता पे उतर आये हैं, जबकि मेरे आर्टिकल में मैंने अभी तक किसी पोर्न पत्रकार का नाम नहीं लिया है.
आज आलम ये है कि जब सबके नाम सामने आने लगे तो माफ़ी मांग रहे हैं, कॉल कर-कर के। खबर बनाने के पहले अपनी इमेज का ख्याल क्यों नहीं आता इन पत्रकारों को, क्या इतना बेच दिया है अपने ज़मीर को उन मालिको के हाथ, शर्म आनी चाहिए। सोचो जरा।
कहने के लिए आजादी की ६७ साल की सालगिरह मना रहे हो पर आज भी तुम सब का जमीर कैद है, खुद का कुछ भी नहीं, जिस देश में आप जैसे लोग हैं, उस देश का या उस विभाग का कुछ नहीं हो सकता। … मुबारक हो तुम सब पोर्नकारों को, तुम्हारी ज़मीर की गुलामी बनाम भीख में मिली आजादी…HAPPY INDEPENDENCE DAY…।
स्वतंत्र पत्रकार स्नेहा चौहान के फेसबुक वॉल से.





