16 अगस्त शुक्रवार का दिन। भारतीय शेयर बाजार में आई जबरदस्त गिरावट। टीवी चैनलों पर हेडिंग चल रहे हैं… ''ब्लडबॉथ इन दलाल स्ट्रीट… ब्लैक फ्राइडे…'' इन हेडिंगों को चला रहे एक टीवी चैनल के पत्रकार भी शेयर बाजार की तरह कांप रहे थे. एक पत्रकार दूसरे साथी के कान में कानाफूसी कर रहा था…क्या होगा यार. क्या चल रहा है… बाप रे..इतने लोगों को एक साथ झटके में हलाल कर दिया. इससे भी बुरा हाल था सीएनबीसी आवाज टीवी चैनल में काम करने वाले कर्मचारियों का.
टीवी 18 समूह के टीवी चैनल आईबीएन और सीएनएन-आईबीएन में कर्मचारियों की भारी छंटनी के समाचार से अब वहां घबराहट का माहौल है. आईबीएन और सीएनएन-आईबीएन के बाद इसके हिंदी बिजनेस चैनल आवाज पर भी गाज गिरने की तैयारी है. टीवी 18 में दक्षिण भारतीय पत्रकारों की अगुवाई में बने एकीकृत न्यूज रुम के बाद ही यह स्थिति बन रही थी कि इस चैनल में जल्दी ही कईयों की नौकरी चली जाएगी. भड़ास पर आप जल्दी ही पढ़ेंगे दक्षिण भारतीयों की लॉबी हावी हुई टीवी 18 पर.
आवाज चैनल में तीन व्यक्ति संजय पुगलिया, आलोक जोशी और धर्मेन्द्र सिंह उच्च पदों पर है और इनकी सेलेरी सर्वाधिक है. इसके बाद आवाज चैनल की शुरुआत से साथ या पांच साल पुराने कई ऐसे कर्मचारी हैं जिनका वेतन एक लाख रुपए महीने से ज्यादा है. जबकि, निचले स्तर पर अनेक कर्मचारियों का उच्चतम वेतन 45-50 हजार रुपए महीने हैं. प्रबंधन की नजर अब नवंबर 2009 दोहराने पर है जिसके तहत उस स्टॉफ को निपटाया जाएगा जिनकी सेलेरी एक लाख रुपए महीने से ज्यादा है. इस स्टॉफ को हटाने का मकसद खर्चों में कटौती करना है. प्रबंधन जरुरत पड़ने पर 30-35 हजार रुपए महीने के कर्मचारी लाना चाहता है. नवंबर 2009 में जब इस चैनल में छंटनी हुई थी तब तीन महीने का नोटिस दिया गया था लेकिन इस बार हटाने का लैटर और चेक साथ में दिया जाएगा.
प्रबंधन तीन महीने का नोटिस देने के मूड में नहीं हैं बल्कि नियुक्ति पत्र में लिखे मुताबिक पैसा दिया जा रहा है. यदि किसी कर्मचारी के नियुक्ति पत्र में एक महीने की बेसिक सेलेरी लिखी है तो वह, यदि सीटीसी लिखी है तो वह राशि दी जाएगी. यदि तीन महीने की सेलेरी लिखी है तो वह अदा की जाएगी. एक ही कंपनी लेकिन हर नियुक्ति पर शर्त अलग अलग. यही ऐसी लिमिटेड कंपनी है जहां एचआर मैनुअल एक समान नहीं है. 19 अगस्त को सोमवार है यानी अगले सप्ताह का पहला दिन. ऑफिस पहुंचते पहुंचते सभी का दिल बैठ रहा होगा कि पता नहीं क्या समाचार सुनने को मिले. लेकिन आने वाले दिन टीवी 18 के आवाज चैनल में काम करने वालों के लिए घोर संकट के होंगे, यह तय है.





