Connect with us

Hi, what are you looking for?

No. 1 Indian Media News PortalNo. 1 Indian Media News Portal
Local News Community

उत्तराखंड

उत्तराखंड में पुलिसकर्मियों ने पूर्व सैनिक से की मारपीट, पत्रकारों से बदसलूकी

कोटद्वार में हफ्ता देने से इनकार करने वाले वाहन चालाक पूर्व सैनिक पर जानलेवा हमला करने वाले पुलिसकर्मियों और उन्हें संरक्षण देने वाले अधिकारीयों के खिलाफ जनांदोलन होने के बावजूद घटना के एक हफ्ते बाद भी उत्तराखण्ड सरकार निर्णय नहीं ले पायी है। निर्दोष को सजा और दोषी को मजा… शायद यही है कलियुग – धन्य हो सरकार। दुगड्डा चौकी के पुलिसकर्मियों ने जिस पूर्व सैनिक वाहन चालक को निर्दयतापूर्वक पीटकर गंभीर रूप से घायल किया, उसे गुप्तकाशी से आपदा राहत कार्य कर वापस घर आये महज एक दिन ही हुआ था और घर आने की वजह भी उसका स्वास्थ्य ख़राब होना था। 
कोटद्वार में हफ्ता देने से इनकार करने वाले वाहन चालाक पूर्व सैनिक पर जानलेवा हमला करने वाले पुलिसकर्मियों और उन्हें संरक्षण देने वाले अधिकारीयों के खिलाफ जनांदोलन होने के बावजूद घटना के एक हफ्ते बाद भी उत्तराखण्ड सरकार निर्णय नहीं ले पायी है। निर्दोष को सजा और दोषी को मजा… शायद यही है कलियुग – धन्य हो सरकार। दुगड्डा चौकी के पुलिसकर्मियों ने जिस पूर्व सैनिक वाहन चालक को निर्दयतापूर्वक पीटकर गंभीर रूप से घायल किया, उसे गुप्तकाशी से आपदा राहत कार्य कर वापस घर आये महज एक दिन ही हुआ था और घर आने की वजह भी उसका स्वास्थ्य ख़राब होना था। 
 
इस घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय पत्रकार जब समाचार संकलन के लिए कोतवाली गए तो घटना छुपाने प्रयास कर रहे पुलिस अधिकारीयों ने मीडियाकर्मियों से भी बदसुलूकी की। मीडियाकर्मियों की सक्रियता और दबाव के चलते दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ मुक़दमा तो दर्ज कर दिया गया लेकिन पत्रकारों के साथ अभद्रता करने व बर्बरता के दोषियों को संरक्षण देने वाले कोतवाल और पुलिस क्षेत्राधिकारी के खिलाफ कोई कारवाई नहीं की गयी। सीमा पर अपने जीवन के स्वर्णिम समय को न्योछावर कर देने वाले पूर्व सैनिक भगवन सिंह की पिटाई सिर्फ इसलिए कर दी गयी क्योंकि उसने अवैध ढंग से संचालित बैरियर पर रिश्वत देने से मना कर दिया था। 
 
जब उत्तराखण्ड की मित्र पुलिस के सिपाही पूर्व सैनिक से हिंसात्मक मित्रता निभा रहे थे तभी एक व्यक्ति ने पुलिस क्षेत्राधिकारी अरुणा भारती को फोन कर अमानवीय घटना रोकने की गुहार लगाई। घर में आराम फरमा रहीं इन कर्तव्यपरायण पुलिस अधिकारी ने जवाब दिया कि वे मामले को शाम को अपने कार्यालय में आकर देखेंगी। अब बात करें कोतवाल यानी लेडी दबंग अंशु चौधरी की तो इन मोहतरमा के सामने ही दुगड्डा पुलिस पीड़ित भगवान सिंह को कोटद्वार थाने लाई जहाँ इन्होंने भी उन पर जमकर अपनी बहुचर्चित अश्लील गालियों की भड़ास निकाली। पीड़ित भगवान सिंह आज भी कोटद्वार के राजकीय संयुक्त चिकित्लसाय में भर्ती है और उपचार करवा रहा है। 
CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

… अपनी भड़ास [email protected] पर मेल करें … भड़ास को चंदा देकर इसके संचालन में मदद करने के लिए यहां पढ़ें-  Donate Bhadasमोबाइल पर भड़ासी खबरें पाने के लिए प्ले स्टोर से Telegram एप्प इंस्टाल करने के बाद यहां क्लिक करें : https://t.me/BhadasMedia 

Advertisement

You May Also Like

विविध

Arvind Kumar Singh : सुल्ताना डाकू…बीती सदी के शुरूआती सालों का देश का सबसे खतरनाक डाकू, जिससे अंग्रेजी सरकार हिल गयी थी…

विविध

: काशी की नामचीन डाक्टर की दिल दहला देने वाली शैतानी करतूत : पिछले दिनों 17 जून की शाम टीवी चैनल IBN7 पर सिटिजन...

विविध

पहली बार चुनाव हमने 1967 में देखा था. तेरह साल की उम्र में. और अब पहली बार ऐसा चुनाव देख रहे हैं, जो इससे...

विविध

राजस्थान, कांग्रेस और सेक्स. ये तीन शब्द लगता है आपस में अच्छे से घुल मिल गए हैं. भंवरी कांड में ये तीनों शब्द जुड़े...