Priya Darshan : यूआर अनंतमूर्ति आश्वस्त रहें। उन्हें देश नहीं छोड़ना होगा। अभी भारतीय जनता के संस्कार ऐसे नहीं हुए हैं कि वह बहुत इकहरी सोच वाले किसी व्यक्ति को प्रधानमंत्री बनने लायक जनादेश दे दे।
Balendu Swami : पहले अमर्त्य सेन ने अपनी भावना कही… अब यू आर अनंतमूर्ति ने तो यहाँ तक कह दिया कि मोदी प्रधानमंत्री बने तो मैं देश छोड़ दूंगा! इसके दो पहलू हैं, एक बात तो ये कि सब इतने समर्थ नहीं हो सकते कि देश छोड़ दें, कहाँ जायेंगे अपनी इस मिट्टी को छोड़कर! नहीं भाई, जियेंगे मरेंगे और जो भी होगा उसे भुगतेंगे! दूसरी बात मुझे ये लगती है कि अनंतमूर्ति भी कहीं नहीं जायेंगे, उनकी इस बात को साहित्यकारों के द्वारा उपमा और अतिश्योक्ति अलंकार का प्रयोग समझा जाए, अपने दिल की पीड़ा को अभिव्यक्त करने के लिए! मुझे तो अब ये लग रहा है कि अमर्त्य सेन का बयान आने के बाद जिस तरह से बीजेपी और अंधभक्तों ने उनसे भारत रत्न वापिस लेने की बात और मोर्फ्ड फोटो से उनकी बेटी का चरित्र हनन करने का कुत्सित प्रयास किया था, पता नहीं अनंतमूर्ति के साथ क्या होगा उनके भी एक बेटा और एक बेटी है!
वरिष्ठ पत्रकार प्रिय दर्शन और संत बालेंदु स्वामी के फेसबुक वॉल से.





