Connect with us

Hi, what are you looking for?

No. 1 Indian Media News PortalNo. 1 Indian Media News Portal
Local News Community

प्रिंट-टीवी...

हाय रे! जागरण, बनारस : जीबी पंत की बजाय संपूर्णानंद को बताया यूपी का पहला सीएम

वाह रे दैनिक जागरण, बनारस! गजब का कमाल कर रहा है यह अखबार इन दिनों. अब इसे पेड न्‍यूज न मिलने का गम कहा जाए, हड़बड़ी कहा जाए या फिर बौराहट या ताकत की चौधराहट, कि यह अखबार अब यूपी के पहला-दूसरा सीएम भी खुद तय करने लगा है, वो भी इतिहास को झुठलाते हुए. पांच जनवरी के अपने अंक में इस अखबार ने बड़ी गलती की है. वो भी तब जब न्‍यूज एडिटर खुद चुनाव प्रभारी के रूप में जिम्‍मेदारी संभाल रहे हैं. आखिर इस अखबार के संपादक वीरेंद्र कुमार क्‍या कर रहे हैं, जो अखबार लगातार हो रही गलतियों पर ध्‍यान नहीं दे रहे हैं. 

वाह रे दैनिक जागरण, बनारस! गजब का कमाल कर रहा है यह अखबार इन दिनों. अब इसे पेड न्‍यूज न मिलने का गम कहा जाए, हड़बड़ी कहा जाए या फिर बौराहट या ताकत की चौधराहट, कि यह अखबार अब यूपी के पहला-दूसरा सीएम भी खुद तय करने लगा है, वो भी इतिहास को झुठलाते हुए. पांच जनवरी के अपने अंक में इस अखबार ने बड़ी गलती की है. वो भी तब जब न्‍यूज एडिटर खुद चुनाव प्रभारी के रूप में जिम्‍मेदारी संभाल रहे हैं. आखिर इस अखबार के संपादक वीरेंद्र कुमार क्‍या कर रहे हैं, जो अखबार लगातार हो रही गलतियों पर ध्‍यान नहीं दे रहे हैं. 

कुछ दिन पहले ही इस अखबार की बनारस में आईपीसी और सीआरपीसी को लेकर छीछालेदर हुई थी. उससे सबक लेने की बजाय अखबार ने फिर से बड़ी गलती कर दी है. अखबार ने अपने पांच जनवरी के अंक में पेज नम्‍बर पांच पर एक लीड स्‍टोरी प्रकाशित की है, जिसका शीर्षक दिया गया है – ''काशी ने दिया पहला मुख्‍यमंत्री''. अखिलेश मिश्रा की इस बाइलाइन स्‍टोरी में लिखा गया है कि आजादी के बाद पहला सीएम बनारस ने ही दिया था. अब जबकि तमाम संसाधन मौजूद हैं उस स्थिति में इस तरह की बड़ी गड़बड़ी लोगों की समझ से परे हैं.

जबकि सच्‍चाई यह है कि अंग्रेजों के भारत में यूपी के पहले सीएम नवाब मुहम्‍मद अहमद सइद खान थे, जिनका कार्यकाल 3 अप्रैल 1937 से 16 जुलाई 1937 तक रहा. इसके बाद पंडित गोविंद बल्‍लभ पंत गुलाम भारत में यूपी के सीएम बने. इनका कार्यकाल 17 जुलाई 1937 से 2 नवम्‍बर 1939 तथा 1 अप्रैल 1946 से 25 जनवरी 1950 तक रहा. इसके बाद गोविंद बल्‍लभ पंत स्‍वतंत्र भारत में उत्‍तर प्रदेश के पहले मुख्‍यमंत्री बने,‍ जिसमें इनका कार्यकाल 25 जनवरी 1950 से 20 मई 1952 तथा 20 मई 1952 से 27 दिसम्‍बर 1954 तक रहा. इसके बाद संपूर्णानंद यूपी के दूसरे सीएम बने और इनका कार्यकाल 28 दिसम्‍बर 1954 से 9 अप्रैल 1957 तथा 10 अप्रैल 1957 से 6 दिसम्‍बर 19960 तक रहा. पर अखबार ने बलंडर कर दिया है. वैसे एक शेर है कि बर्बाद गुलिस्ता करने को बस एक ही उल्लू काफी है, लेकिन जागरण, बनारस के तो हर शाख पर उल्लू बैठा है इसका अंजाम क्‍या होगा आसानी से अंदाजा लगाया जा सकता है.

CosmoQuick: AI Recruitment For Media Jobs
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

… अपनी भड़ास [email protected] पर मेल करें … भड़ास को चंदा देकर इसके संचालन में मदद करने के लिए यहां पढ़ें-  Donate Bhadasमोबाइल पर भड़ासी खबरें पाने के लिए प्ले स्टोर से Telegram एप्प इंस्टाल करने के बाद यहां क्लिक करें : https://t.me/BhadasMedia 

Advertisement

You May Also Like

विविध

Arvind Kumar Singh : सुल्ताना डाकू…बीती सदी के शुरूआती सालों का देश का सबसे खतरनाक डाकू, जिससे अंग्रेजी सरकार हिल गयी थी…

विविध

: काशी की नामचीन डाक्टर की दिल दहला देने वाली शैतानी करतूत : पिछले दिनों 17 जून की शाम टीवी चैनल IBN7 पर सिटिजन...

विविध

पहली बार चुनाव हमने 1967 में देखा था. तेरह साल की उम्र में. और अब पहली बार ऐसा चुनाव देख रहे हैं, जो इससे...

विविध

राजस्थान, कांग्रेस और सेक्स. ये तीन शब्द लगता है आपस में अच्छे से घुल मिल गए हैं. भंवरी कांड में ये तीनों शब्द जुड़े...