Yashwant Singh : ये सुप्रीम कोर्ट, ये सेबी, ये नियम, ये कानून.. ये सब हमारे आप जैसे गरीबों, आम लोगों के लिए हैं.. हजारों लाखों करोड़ रुपयों में खेलने वालों के लिए ये सब तो प्रहसन, उपहास, हंसी के पात्र भर हैं.. यकीन न हो तो सुब्रत रॉय का ये लेक्चर सुन लीजिए..
वे अपने सहारा कर्मियों को भाषण पिला कर उत्साहित कर रहे थे… इसी दौरान सुप्रीम कोर्ट, सेबी आदि की ऐसी-तैसी भी कर रहे थे… किसी मित्र ने मुझे गोपनीय रूप से इसे भेजा है, तो भड़ास पर लगा दिया… आप भी देखें और अपने किसी बौद्धिक मित्र को दिखाइए ताकि उनके बुद्धि की शुद्धि हो सके और सिस्टम-तंत्र को समझने की नई दृष्टि हासिल कर सकें… लिंक ये है…
भड़ास के एडिटर यशवंत सिंह के फेसबुक वॉल से.






