Rohini Gupte : कोई भी समाचार पत्र नरेंद्र मोदी का इतना बड़ा बयान झूठ नहीं छाप सकता। परदे के पीछे जरूर कुछ है जो जल्द ही हो सकता है कि श्रीमंत पुरोहित के इस्तीफे के बाद सामने आए। पर एक बात तो साफ है, संघियों को कुछ पढ़ तो लेना ही चाहिए।
चंद्रगुप्त मौर्य के वंश तक न जाएं, पर आजादी और उसके बाद का समकालीन इतिहास तो जरूर ही पढ़ लेना चाहिए।

रोहिणी गुप्ते के फेसबुक वॉल से.





