समाजवादी पार्टी के पास कांग्रेस के युवराज राहुल गांधी की तरह सिर्फ अखिलेश यादव एक मात्र स्टार प्रचारक हैं लेकिन अखिलेश का साथ देने के लिये मुलायम परिवार के चार युवा सदस्य हैं। ये चारों भी चुनव प्रचार करेंगे और सपा की बैतरणी पार लगाने की कवायद करेंगे। कभी कांग्रेस को परिवारवाद के नाम पर कोसने वाले सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव 2012 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के जरिये अपने परिवार की तीसरी और चौथी पीढी के सदस्यो को राजनीति में उतार चुके हैं।
अभी सभी को चुनाव प्रचार करने के लिए उतारा गया है, उन्हें टिकट देकर चुनाव मैदान मे नहीं उतारा जा रहा है। मुलायम सिंह यादव के बड़े भाई रतन सिंह यादव के दिवंगत बेटे रनवीर सिंह यादव के सैफई ब्लाक प्रमुख बेटे तेजप्रताप सिंह, नेता विरोधी दल शिवपाल सिंह यादव के बेटे आदित्य यादव, मुलायम के छोटे भाई राजपाल सिंह यादव के बेटे अंशुल यादव के अलावा समाजवादी पार्टी के राज्यसभा सदस्य और हाल मे पार्टी के प्रवक्ता बने डा.रामगोपाल यादव के बेटे अक्षय यादव इटावा में स्टार प्रचारक के रूप में लोगों को पार्टी की नीतियों को बता करके सपा का प्रचार करेंगे।
चुनावी बिगुल बजते ही समाजवादी पार्टी के गढ़ इटावा में पार्टी ने कमर कस ली है। मुलायम परिवार की तीसरी और चौथी पीढ़ी के चार भतीजों को इटावा में चुनाव प्रचार की कमान सौप दी गई है। इटावा की सभी सीटों पर काबिज होना सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव के लिए प्रतिष्ठा का प्रश्न बना हुआ है। इटावा में फिलहाल चार में से सिर्फ जसवंतनगर सीट सपा के पास है। बाकी तीन सीटों पर बसपा का कब्जा है। नये परिसीमन पर हो रहे चुनाव के बाद इटावा मे मात्र तीन सीटें ही रह गई हैं। इसमें जसवंतनगर सीट पर मुलायम के भाई 1996 से लगातार एमएलए बने हुये हैं। तीसरी ओर चौथी पीढी के 4 युवाओं को चुनाव प्रचार में उतारने के पीछे पार्टी का तर्क है कि सपा अध्यक्ष के भाई नेता प्रतिपक्ष शिवपाल सिंह यादव परंपरागत सीट जसवंतनगर से चुनाव लड़ रहे हैं। उनके प्रदेशव्यापी दौरों को देखते हुए इटावा में ज्यादा समय दे पाना संभव नहीं हो पा रहा है। स्वयं मुलायम सिंह यादव, प्रो. रामगोपाल यादव, प्रदेश अध्यक्ष अखिलेश यादव भी प्रदेश के दौरों में व्यस्त हैं।
समाजवादी पार्टी की ओर से कहा गया है कि इन 4 युवाओं को मुलायम सिंह यादव और उनके बेटे अखिलेश यादव के कहने पर ही चुनाव प्रचार में उतारा गया है। राजनीति के पहले पायदान पर पंचायत चुनावों में शिकस्त खा चुके शिवपाल सिंह यादव के बेटे आदित्य यादव उर्फ अंकुर जसवंतनगर की चुनावी कमान संभाल रहे हैं। बीटेके किये आदित्य अपने पिता के निर्वाचन क्षेत्र जसवंतनगर में वोट मांगने मे जुटे हुये हैं। उनके साथ करीब एक दर्जन से अधिक युवाओं की टीम भी वोट मांगने में लगी हुई है।
मुलायम सिंह के दूसरे छोटे भाई राजपाल सिंह यादव के बेटे अंशुल यादव इटावा व भरथना विधानसभा क्षेत्र में जोर अजमाइश में लगे हुए हैं। करीब दो साल से आम लोगों के बीच जा करके अंशुल यादव ने बूथ कमेटियों के गठन में प्रभावी भूमिका निभाई है। नोएडा से एमिटी यूनिवर्सिटी से एमबीए किए अंशुल यादव कहते हैं कि पार्टी की ओर से उनको जिस जिम्मेदारी का निर्वहन करने के लिये कहा गया है, उसी के तहत प्रचार का काम करने में लग गया हूँ।
मुलायम परिवार के एक और भतीजे प्रोफेसर रामगोपाल यादव के बेटे अक्षय यादव भी चुनाव प्रचार के लिए तैयार हैं। बीज व्यवसाय में पिछले दो वर्षों से संलग्न अक्षय यादव किसानों से संपर्क कर रहे हैं। सैफई के ब्लाक प्रमुख और मुलायम सिंह यादव के पौत्र तेज प्रताप सिंह यादव ने विदेश से एमबीए किया है। वे अपने पिता रणवीर सिंह यादव की राजनीतिक विरासत सैफई को संभाले हुए हैं। वे इस चुनाव में सैफई, जसवंतनगर व बसरेहर ब्लाक के गांवों में डेरा डाले हुए हैं।
इन चार युवाओं का साथ पार्टी के प्रमुख कार्यकर्ताओं के अलावा कई जिम्मेदार नेता भी दे रहे हैं जो समय समय पर लोगों से इनका परिचय कराते हैं। इन युवाओं को प्रचार करते हुये देख करके मुलायम के पुराने साथी खासे गदगद हैं।
इटावा से दिनेश शाक्य की रिपोर्ट.





