लोकसभा चुनाव आते ही टिकट के चक्कर में और जीतने की संभावना को देखकर नेताओं ने पाला बदलना शुरू कर दिया है. कांग्रेस से जगदंबिका पाल ने इस्तीफा दे दिया है तो लालू की पार्टी राष्ट्रीय जनता दल को रामकृपाल यादव ने टाटा बाय बाय बोल दिया है. जगदंबिका पाल के बीजेपी में शामिल होने की संभावना है. पाल यूपी में एक दिन के लिए मुख्यमंत्री रह चुके हैं. पाल पूर्वी यूपी के डुमरियागंज से सांसद हैं. उन्होंने लोकसभा की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया. साथ ही पार्टी भी छोड़ने की घोषणा कर दी.
पाल बीजेपी से जुड़ सकते हैं पर उन्होंने पत्ते नहीं खोले हैं. पाल ने कहा कि न तो अब कांग्रेस पार्टी में संवाद हो पा रहा है, न ही सीनियर नेताओं को सही सम्मान मिल पा रहा है, ऐसे में उन्हें लगता है कि पार्टी को उनके जैसे नेताओं की जरूरत नहीं रह गई है. पाल का कहना है कि पार्टी ने मेरा इस्तेमाल किया, पर बदले में कुछ नहीं दिया.
उधर, पटना से खबर है कि राजद के महासचिव और प्रमुख लालू प्रसाद के करीबी रामकृपाल यादव ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है. बताया जा रहा है कि वे पाटलीपुत्र सीट से टिकट न मिलने से नाराज थे. उनके भाजपा में शामिल होने और इसी सीट से चुनाव लड़ने की संभावना जताई जा रही है. लालू ने अपनी बेटी मीसा भारती के पाटलीपुत्र सीट से लड़ने की घोषणा की. इसी के बाद यह घटनाक्रम हुआ. राजद के एक अन्य वरिष्ठ नेता और विधान परिषद में दल के नेता गुलाम गौस ने पश्चिम चंपारण से टिकट नहीं मिलने पर नाराज दिखे. उन्होंने कहा कि समर्पित कार्यकर्ताओं, खासकर मुस्लिम समुदाय के, की अनदेखी की गयी है, मैं पश्चिम चंपारण से चुनाव लड़ने पर अडिग हूं, भले ही निर्दलीय.





