: ब्रिटिश टैबलॉयड के संपादक ने ऐसी स्थिति की संभावना मानी : लंदन के टैबलयॉड 'डेली मिरर' के संपादक का कहना है कि ऐसा हो सकता है कि अखबार में अवैध फोन-हैकिंग हुई हो। रिचर्ड वैलेस ने देश में चल रही मीडिया एथिक्स की जांच कर रही लेनिसन एन्क्वायरी को बताया कि संभव है कि अखबार में पिछले दशक के शुरुआती वर्षों में फोन-हैकिंग की घटनाएं हुई हों। हालांकि, उन्होंने इसकी कोई जानकारी होने से इनकार कर दिया। वैलेस ने कहा कि इस तरह के नैतिकता वाले मुद्दे न्यूजरूम की संस्कृति का हिस्सा हैं।
वैसे, वैलेस ने जिस समय की ओर इशारा किया उस समय अखबार के संपादक रहे पीयर्स मॉर्गन ने ऐसी किसी संभावना से इनकार किया है। अब सीएनएन से जुड़े मॉर्गन ने कहा कि 1995 से 2004 तक अपने संपादक काल में उन्होंने कोई हैक किया गया कॉल या वायसमेल नहीं सुना। 'न्यूज ऑफ द वल्र्ड' के फोन-हैकिंग में शामिल होने के खुलासे और फिर उसके बंद होने के बाद से ब्रिटेन में मीडिया के क्रियाकलापों और उसके नौतिक पहलुओं पर जांच चल रही है। इसके लिए जस्टिस लेविसन की अध्यक्षता में यह जांच बिठाई गई है। साभार : एजेंसी





