हिंदुस्तान, फर्रुखाबाद में पुलिसकर्मियों के हमला का मामला ठण्डा भी नहीं पड़ा था कि एक और विवाद खड़ा हो गया है. खबर है कि अखबार ने दो भाजपा प्रत्याशियों की फोटो अखबार में छापी है, पर उसके नीचे कैप्शन गलत लिख दिया गया है. इसके बाद से ही बवाल मचा हुआ है. भाजपाई स्थानीय पत्रकार तथा संपादक विशेश्वर कुमार पर आरोप लगा रहे हैं कि इन लोगों ने विपक्षी प्रत्याशियों से पैसा लेकर जानबूझकर ये गलती की है. इसकी शिकायत प्रधान संपादक से लेकर प्रेस परिषद से भी किए जाने की बात भाजपाइयों ने कही है.
बताया जा रहा है कि फर्रुखाबाद जिले के भोजपुर विधानसभा सीट से सौरभ राठौर उर्फ रज्जू भैया तथा अमृतपुर विधानसभा सीट से सुशील शाक्य भाजपा प्रत्याशी हैं. कल दोनों प्रत्याशियों ने नामांकन किया. हिंदुस्तान ने दोनों लोगों के नामांकन की खबर और फोटो छापी है. लेकिन फोटो के नीचे जो कैप्शन लिखा गया है, उसने सारा खेल खराब कर दिया है. सौरभ राठौर के फोटो के नीचे लिखा गया है – नामांकन करने जाते सौरभ किन्नर तथा सुशील शाक्य के फोटो के नीचे लिखा गया है – नामांकन करने जाती सुशील शाक्य.
बताया जा रहा है कि इसी के बाद बवाल बढ़ गया है. सूत्रों का कहना है कि अखबार की हजारों प्रतियां दूसरे दलों के लोगों ने खरीद कर लोगों में बंटवाई है. इसके चलते भाजपा वाले परेशान हैं. भाजपाइयों ने संपादक से इस मामले में बात की तथा आरोप लगाया कि अखबार ने जानबूझकर ये गलती की है. एक साथ दो-दो गलतियां मानवीय भूल नहीं हो सकती. भाजपाइयों ने संपादक पर दूसरे दलों के प्रत्याशियों से पेड न्यूज लेने का भी आरोप लगाया है. बताया जा रहा है कि संपादक ने भाजपाइयों से इस मामले में संयम बरतने की बात कहते हुए कल प्रथम पेज पर इस गलती का खंडन छापने की बात कही है, पर भाजपाई गुस्से में हैं.
भाजपावालों का आरोप है कि संपादक ने प्रत्याशियों की छवि खराब करने के लिए जानबूझकर ये गलती की है. इसके लिए उन्हें पैसे मिले हैं. अखबार भले ही अपनी गलती सुधार छाप ले, लेकिन इससे प्रत्याशियों को जो नुकसान हुआ है उसकी भरपाई कौन करेगा. बताया जा रहा है कि भाजपा इस संबंध में अखबार के प्रधान संपादक शशि शेखर से भी इस मामले में शिकायत करेगी. साथ ही चुनाव आयोग तथा प्रेस परिषद को भी लिखा जाएगा तथा अखबार एवं संपादक पर कार्रवाई करने को कहा जाएगा. गौरतलब है कि अभी चार दिन पहले खबरें छपने को ही लेकर पुलिसकर्मियों के एक दल ने हिंदुस्तान के कार्यालय पर हमला किया था तथा पत्रकारों को मारापीटा था.






