देवरिया। देवरिया में कुछ पत्रकारों ने उत्तर प्रदेश जर्नलिस्ट एसोसिएशन, लखनऊ के नाम पर परिचय पत्र जारी कर धन उगाही करने का खेल धड़ल्ले से शुरू कर दिया है। ऐसा ही एक मामला प्रकाश में आया है। जानकारी के अनुसार विमल त्रिपाठी पुत्र श्री सत्येन्द्र नाथ तिवारी निवासी निकट मुख्य डाकघर, सिविल लाईन्स, कचहरी रोड देवरिया, जो खुद को उक्त जर्नलिस्ट एसोसियेशन का जिला अध्यक्ष/महामंत्री बताते हैं, ने एक ऐसे व्यक्ति, जिसका पत्रकारिता से दूर-दूर तक कोई लेना देना नहीं है, को उक्त पत्रकार संगठन का सदस्य बनाकर परिचय पत्र जारी करने के सम्बन्ध में एक बड़ा षणयन्त्र रच डाला है।
बताया जाता है कि भानु प्रताप तिवारी निवासी मकान नम्बर 505/1, संकट मोचन नगर, भीखमपुर रोड, देवरिया को किसी छोटे मोटे अखबार का नहीं बल्कि प्रेस ट्रस्ट आफ इण्डिया न्यूज एजेन्सी एवं नई दुनिया जैसे राष्ट्रीय एवं बड़े अखबार का पत्रकार घोषित करते हुए उ0 प्र0 जर्नलिस्ट एसोसिऐशन, 31 बी, दारूलशफा, लखनऊ का परिचय पत्र जारी करने हेतु फार्म भरवा लिया गया था। लेकिन संयोगवश इसका भण्डाफोड़ उस समय हो गया जब संगठन का उक्त फार्म ही किसी तरह से एक पत्रकार के हाथ लग गया। बताया जाता है कि जिला अध्यक्ष कहे जाने वाले श्री त्रिपाठी ने संगठन का सदस्य बनाने एवं परिचय पत्र देने के नाम पर हजारों वसूलने के साथ ही दर्जनों फार्म अपने पास जमा कर रखा है।
इस बारे में उ0 प्र0 जर्नलिस्ट एसोसिएशन के गोरखपुर मण्डल के प्रभारी कहे जाने वाले मारकण्डेय मिश्र ने कहा कि जिला प्रभारी द्वारा गलती की गई है जिसके लिए कड़ी कार्रवाई की जाएगी। बताया जाता है कि श्री विमल त्रिपाठी एवं उनके सगे छोटे भाई निर्मल त्रिपाठी, जो अपने को कई अखबारों का पत्रकार बताते हैं, के खिलाफ सलेमपुर पुलिस थाना कोतवाली में न्यायालय अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट देवरिया के आदेश पर धारा 323, 504, 506, 394 आईपीसी के तहत आपराधिक मुकदमा भी दर्ज है। जिसमें पुलिस की जांच चल रही है।
फिलहाल पत्रकार संगठन के नाम पर अवैध वसूली किये जाने एवं फर्जी परिचय पत्र दिलाने के इस सम्बन्ध में आवश्यक कार्रवाई हेतु उ0 प्र0 जर्नलिस्ट एसोसिएशन लखनऊ के साथ ही साथ पुलिस से भी शिकायत की गई है। अब देखना है कि एसोसिएशन और पुलिस इस मामले में क्या कदम उठाती हैं।
एक पत्रकार द्वारा भेजे गए पत्र पर आधारित.






