नईदुनिया, दिल्ली में इस समय हलचल मची हुई है. छंटनी के चलते कार्यालय के तनाव फैला हुआ है. खबर है कि तीन और लोगों ने इस्तीफा दे दिया है. दूसरी तरफ कहा जा रहा है कि प्रबंधन ने छंटनी के तहत इन लोगों से इस्तीफा मांग लिया है. जिन लोगों के संबंध नईदुनिया से समाप्त हुए हैं, उनमें रोविंग एडिटर भाषा सिंह, वरिष्ठ पत्रकार दिनेश अग्रहरि तथा स्पोर्टस डेस्क पर कार्यरत अमित शामिल हैं. बताया जा रहा है कि इन लोगों के अलावा भी कई अन्य लोगों से जल्द ही इस्तीफा मांगा जा सकता है.
उल्लेखनीय है कि तमाम तरह की चर्चा-कुचर्चा के बीच चल रहे नईदुनिया में उथलपुथल मचा हुआ है. तीन-चार दिन पूर्व ही प्रबंधन ने डिप्टी आरई केएन सिंह, वरिष्ठ पत्रकार अनूप भटनागर, संजय त्रिपाठी एवं एक फोटोग्राफर से इस्तीफा मांग लिया था. हालांकि इन लोगों से इस्तीफा मांगे जाने के बाद से ही कार्यालय में तनाव का माहौल पसरा हुआ है. अब भाषा सिंह, दिनेश अग्रहरि और अमित के इस्तीफो ने घी में आग का काम किया है. बताया जा रहा है कि कुछ नाराज लोग स्वयं इस्तीफा दे सकते हैं.
दूसरी तरफ बताया जा रहा है कि दिल्ली से आधा से ज्यादा लोगों की छंटनी की जानी है. संपादक आलोक मेहता की सहमति के बाद ही यह छंटनी की लिस्ट हेड आफिस द्वारा तैयार की गई है. उन्होंने बड़ी सेलरी पाने वाले अपने खास लोगों को बचा लिया है, इसलिए आलोक मेहता के खिलाफ भी अन्य कर्मचारियों में गुस्सा है. कर्मचारियों का कहना है कि वे अपने संस्थानों से आलोक मेहता के विश्वास पर ही तो नईदुनिया आए थे, लिहाजा उन्हें से छंटनी पर कुछ बोलना चाहिए पर वे चुप हैं.
प्रबंधन धीरे-धीरे छंटनी के कार्य को अंजाम दे रहा है ताकि बवाल न हो सके. तीन-चाल लोगों के स्लाट में छंटनी की जा रही है. हालांकि छंटनी करते समय प्रबंधन पूरी तरह संवेदनहीन बना हुआ है, जिन लोगों ने कंपनी के लिए अपना सब कुछ दिया, ऐसे लोगों को एक झटके में बाहर कर दिया जा रहा है. जो लोग संपादक आलोक मेहता के खास है या उनके नजदीकी हैं वे लोग बचे हुए हैं. हालांकि नईदुनिया के भविष्य को लेकर चल रहे कयासों में वे लोग भी परेशान हैं.





