: एटीएम के फुटेज से खुला राज, गिरफ्तार : भोपाल : उमरिया में नवभारत के ब्यूरोचीफ चंद्रिका राय तथा उनके परिवार की हत्याकांड का खुलासा हो गया है. अब तक की बनाई गई पुलिस कहानी झूठी साबित हुई है. पुलिस ने जल्द वर्कआउट के चक्कर में इंजीनियर के बेटे के अपहरणकर्ताओं को ही चंद्रिका एवं उनके परिवार का हत्यारा बता दिया तथा पत्रकार तार अपहरणकांड से जोड़ दिया. परन्तु एटीएम से निकाले गए पैसे तथा सीसीटीवी फुटेज ने हत्याकांड की नई कहानी बता दी.
पुलिस ने ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया है. पत्रकार का अपहरण कांड से किसी प्रकार का लेना-देना या हिस्सेदारी नहीं है. नवनियुक्त डीजीपी नंदन दुबे ने इस बात का खुलासा किया है. डीजीपी के अनुसार उनके ड्राइवर ने ही रुपयों के लालच में चंद्रिका राय, उनकी पत्नी, बेटे तथा बेटी की हत्या की है. इसका सुराग आरोप द्वारा पत्रकार के एटीएम खाते से रुपये निकालने के के दौरान एटीएम के सीसीटीवी में मौजूद फुटेज से मिला.
चंद्रिका के एटीएम कार्ड से पैसा निकालते उनके ड्राइवर रमेश यादव का ही फुटेज है, इसकी पुष्टि चंद्रिका के दोस्त तथा ऑफिस के लोगों ने की थी. पुलिस ने जांच को आगे बढ़ाते हुए यह जानकारी हासिल की हत्या कर एटीएम से रुपए निकालने वाले रमेश ने अपने भाई की शादी बड़ी ही धूमधाम से की. गांव के लोगों ने भी इस बात की पुष्टि की है कि रमेश ने शादी में जितना खर्च किया उतना उसके परिवार या एक ड्राइवर की हैसियत नहीं थी. पुलिस अब इस बात की जानकारी जुटा रही है कि रमेश के साथ और कितने लोग थे, जिन्होंने इस वारदात को अंजाम दिया.





