चंदौली जिले के पड़ाव क्षेत्र में सड़क हादसे में एक युवक की मौत के बाद हुए बवाल को कवरेज कर रहे महुआ के पत्रकार के साथ भाजपा के पूर्व विधायक तथा उनके समर्थकों ने बदसलूकी की. पत्रकार से हाथापाई करने तथा कैमरा छीनने का प्रयास भी किया गया. पुलिसकर्मियों ने बीच बचाव कर पत्रकार को सुरक्षित भीड़ से बाहर निकाला. इस घटना के बाद से जिले के पत्रकारों में रोष व्याप्त है.
कल सड़क हादसे में भाजपा के पूर्व विधायक छब्बू पटेल के गांव के एक युवक की मौत हो गई थी. गुस्साए लोगों ने पहले एक सिपाही को पीटा उसकी गाड़ी में आग लगा दी. इसके बाद सड़क पर आने जाने वाले वाहनों में तोड़फोड़ करने लगे. घटना की सूचना मिलने पर वहां पहुंचे महुआ न्यूज के पत्रकार महेंद्र प्रजापति ने विजुअल बनाना शुरू कर दिया. वे विजुअल बना ही रहे थे कि पूर्व विधायक ने महेंद्र को कवरेज करने से मना किया तथा भीड़ की तरफ चले गए. महेंद्र पूर्व विधायक की बात को अनसुना करते हुए अपना काम करते रहे.
विधायक जब दुबारा महेंद्र को विजुअल बनाते देखा तो अपने समर्थकों से कहा कि ये मान नहीं रहा है इसका कैमरा छीनों, इसका सारा विजुअल मिटा दो. इतना सुनते ही पूर्व विधायक के समर्थक महेंद्र की तरफ लपके तथा कैमरा छीनने का प्रयास करने लगे. इस दौरान महेंद्र अकेले थे. हो हल्ला होते देख पास में मौजूद चौकी इंचार्ज अमित सिंह तथा कुछ पुलिस सहकर्मियों के साथ वहां पहुंचे तथा महेंद्र को छब्बू पटेल के समर्थकों से घिरा देखा तो सभी को धमकाकर वहां से हटाया.
इसके बाद विधायक महेंद्र से उलझ गए तथा अपशब्द कहने लगे. इसी दौरान लाइव इंडिया के पत्रकार रोहित से भी उनकी कहासुनी हो गई. इस घटना की जानकारी दोनों पत्रकारों ने जिले के मीडिया संगठनों के पदाधिकारियों को दिया. इन लोगों ने जब पूर्व विधायक के व्यवहार पर आपत्ति जताई तो उन्हों ने अपनी गलती मानते हुए क्षमा मांगने की बात कही, परन्तु इस घटना से पत्रकारों में नाराजगी है तथा उन्होंने विधायक के इस व्यवहार की निंदा की है.






